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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:38 · नई दिल्ली संस्करण

अनूपपुर: तीन हाथियों का झुंड बटा दो हिस्सों में, वन विभाग की चिंता बढ़ी

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
अनूपपुर: तीन हाथियों का झुंड बटा दो हिस्सों में, वन विभाग की चिंता बढ़ी

अनूपपुर । मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले के वन परिक्षेत्र के पोड़ी बीट में एक हफ्ते से पहले जैतहरी के जंगल से आए तीन हाथियों का समूह अब दो अलग-अलग क्षेत्रों में विचरण कर रहा है।हाथियों के बंट जाने से वन विभाग की चिंता बढ़ गई है, वह लगातार फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। ग्रामीणों में भी हाथियों के कारण भय का माहौल है। रविवार की सुबह वन परिक्षेत्र जैतहरी के वन बीट धनगवां के जंगल जो ग्राम पंचायत केवटार और कुशमहाई गांव से लगा हुआ डेरा जमाये हुए हैं।वही हाथियों के निरंतर विचरण एवं नुकसान पर ग्रामीण रातजगा कर अपनी एवं गांव की सुरक्षा करने में लगे रहते हैं।तीन हाथियों के इस समूह में से एक दांत वाला हाथी शनिवार की रात पोड़ी के जंगल में रुका और सड़क पार कर भोलगढ़ के किसानों के खेतों में लगी गेहूं की फसल को खा लिया। इसके बाद वह मैरटोला क्षेत्र में विचरण कर रहा है। वहीं, अन्य दो हाथी शनिवार रात को भगतबांध, सेंदुरी, सोनमौहरी के बोड़वा जंगल में डेरा जमाया था और रात में छुलहा अमगवां के नवाटोला पहुंचे। यहां उन्होंने रमेश राठौर के खेत में चना और गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचाया।हाथियों के दो हिस्सों में बंट जाने के बाद वन विभाग ने दोनों समूहों पर निगरानी रखने और ग्रामीणों की सुरक्षा के लिए अमला तैनात किया है। गांवों में हाथियों की मौजूदगी की सूचना भी प्रसारित कर दी गई है। वन अधिकारियों का कहना है कि रात के अंधेरे में हाथी जंगल के रास्ते कभी भी गांवों की ओर आ सकते हैं, जिससे ग्रामीणों के लिए परेशानी बढ़ सकती है। इससे पहले भी इन हाथियों ने ग्रामीणों के खेतों में लगी फसलों, घरों और वन विभाग की फेंसिंग व गेट को तोड़कर नुकसान पहुंचाया है। पूर्व में रात के समय हाथी देखने गए कुछ ग्रामीणों को एक हाथी ने दौड़ाया था, जिससे दो-तीन युवक गिरकर चोटिल हो गए थे। वन विभाग के अनुसार, इस बार हाथी पहले की तुलना में अधिक आक्रामक दिख रहे हैं।हाथियों की दहशत, फेंसिंग तोड़ी, दो लोगों की मौतइस बार हाथियों के कारण दो लोगों की मौत और कुछ के घायल होने की घटनाएं भी सामने आई हैं। अनूपपुर वन परिक्षेत्र के पौड़ी बीट में विचरण के दौरान हाथियों ने जंगल की फेंसिंग के 35-36 सीमेंट के खंभों को तोड़ दिया है, जिससे कई स्थानों पर फेंसिंग व्यवस्था तहस-नहस हो गई है। इस समूह में एक दांत वाला हाथी विशेष रूप से आक्रामक है, विभाग पूरी सतर्कता बरत रहा है।

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