मोबाइल पर बात करना महंगा होगा, टैरिफ दरें बढ़ाने की तैयारी में टेलीकॉम कंपनियां
नई
दिल्ली, । दिसंबर 2021 के बाद एक बार फिर देश में टेलीकॉम
कंपनियों ने हेडलाइन टैरिफ में बढ़ोतरी करने की तैयारी कर ली है। विभिन्न
टेलीकॉम कंपनियां जुलाई के महीने में ही टैरिफ में 15 से 20 प्रतिशत तक की
बढ़ोतरी कर सकती हैं। ऐसा होने से मोबाइल फोन पर बात करना और महंगा हो
जाएगा।
माना जा रहा है कि स्पेक्ट्रम की नीलामी
खत्म होने के बाद टेलीकॉम कंपनियों ने टैरिफ दरों में बढ़ोतरी करने की
तैयारी कर ली है। इसके पहले दिसंबर, 2021 में टेलीकॉम कंपनियों ने हेडलाइन
टैरिफ दरों में बढ़ोतरी की थी। इसके बाद से अभी तक हेडलाइन टैरिफ में कोई
बदलाव नहीं हुआ है। हालांकि, बेस पैक प्लान में टेलीकॉम कंपनियां अपने
हिसाब से बढ़ोतरी करती रही हैं।
जानकारों के मुताबिक जुलाई
के पहले हफ्ते में ही टेलीकॉम कंपनियां हेडलाइन टैरिफ में 15 से 20
प्रतिशत तक का इजाफा कर सकती हैं। ये इजाफा प्रीपेड और पोस्टपेड दोनों में
किया जा सकता है। टेलीकॉम कंपनियों ने स्पेक्ट्रम की नीलामी में 11,340
करोड़ रुपये खर्च किए हैं, ऐसे में कंपनियों के सामने अपने 5जी प्लान को
मोनेटाइज करना जरूरी हो गया है।
मोबाइल टैरिफ में बढ़ोतरी
होने की संभावना के कारण ही आज स्टॉक मार्केट में भी टेलीकॉम कंपनियों की
चाल में तेजी नजर आई। भारती एयरटेल का शेयर आज 16.30 रुपये यानी 1.12
प्रतिशत की मजबूती के साथ 1,475.80 रुपये के स्तर पर बंद हुआ। इसी तरह
वोडाफोन आइडिया लिमिटेड का शेयर 2.77 प्रतिशत की मजबूती के साथ 18.52 रुपये
के स्तर पर बंद होने में सफल रहा।




