आनंद मोहन का पासपोर्ट जब्त करने का आदेश
SC ने कहा- महीने में दो बार लोकल थाने में लगाएं हाजिरी
पटना। बाहुबली नेता व पूर्व सांसद आनंद मोहन की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें तत्काल अपना पासपोर्ट जमा करने का आदेश दिया है। साथ ही हर 15 दिन में लोकल थाने में हाजिरी लगाने को कहा है। जी कृष्णैया की पत्नी उमा कृष्णैया की याचिका पर सुनवाई करते हुए मंगलवार को जस्टिस सूर्यकांत और केवी विश्वनाथन की बेंच ने ये आदेश दिए हैं। उमा कृष्णैया आनंद मोहन की रिहाई का विरोध कर रही है। मामले की अगली सुनवाई 27 फरवरी को होगी।कोर्ट ने इस मामले में केंद्र सरकार के रवैये पर गहरी नाराजगी जताई है। दरअसल, याचिका दायर करने वाली उमा देवी कृष्णैया ने केंद्र सरकार को भी प्रतिवादी बनाया था। लेकिन, केंद्र सरकार की ओर से कोर्ट में कोई जवाब नहीं दिया गया था। सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को जमकर फटकार लगाते हुए इस मामले में एक सप्ताह में जवाब देने को कहा है।कोर्ट ने कहा है कि ये मामला लगातार टल रहा है। कभी राज्य सरकार समय मांगती है, तो कभी केंद्र सरकार जवाब नहीं देती है। मामले को और अधिक टाला नहीं जा सकता। केंद्र सरकार को इस मामले में एक सप्ताह में जवाब देने को कहा गया है। सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने कहा कि वह इस मामले में आखिरी फैसला सुनाएगी। इसके लिए 27 फरवरी को सुनवाई की आखिरी तारीख रखी गई है।





