ऑपरेशन लायनफिश-मेयाग III : इंटरपोल ने भारत समेत 18 देशों से 57,000 करोड़ रुपए की ड्रग्स जब्त की
नई दिल्ली। इंटरपोल ने ड्रग्स माफिया के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए 6.5 अरब अमेरिकी डॉलर (करीब 57,000 करोड़ रुपए) मूल्य की ड्रग्स जब्त की हैं। इस कार्रवाई को ‘ऑपरेशन लायनफिश-मेयाग III’ नाम दिया गया।
76 टन ड्रग्स बरामद
अधिकारियों ने इस ऑपरेशन में कुल 76 टन ड्रग्स जब्त किए। इनमें 51 टन मेथामफेटामाइन, फेंटेनिल, हेरोइन, कोकीन और अन्य रसायन शामिल थे।
18 देशों में चला अभियान
इंटरपोल के मुताबिक, यह अभियान एशिया और उत्तरी अमेरिका के 18 देशों में 30 जून से 13 जुलाई 2025 तक चलाया गया। भारत भी इस कार्रवाई का हिस्सा रहा।
386 आरोपी गिरफ्तार
ऑपरेशन के दौरान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 386 लोगों को गिरफ्तार किया गया। इस बीच 297 मिलियन नशीली गोलियां भी बरामद की गईं।
खतरनाक छिपाने के तरीके
ड्रग्स तस्करों ने माल छिपाने के लिए सर्फबोर्ड, टी बॉक्स, कैट फूड और कॉफी मशीन का इस्तेमाल किया। बरामद फेंटेनिल की मात्रा इतनी थी कि यह 15.1 करोड़ लोगों की जान ले सकती थी।
अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई
इंटरपोल ने बताया कि यह अब तक की सबसे बड़ी अंतरराष्ट्रीय ड्रग-रोधी कार्रवाइयों में से एक है। संगठन ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर वीडियो शेयर कर जानकारी दी।
इंटरपोल क्या है?
इंटरपोल (अंतरराष्ट्रीय आपराधिक पुलिस संगठन) एक अंतर-सरकारी संगठन है, जिसमें विश्वभर की सरकारें अपराध नियंत्रण और जांच में सहयोग करती हैं।





