9वीं बार बिहार के मुख्यमंत्री बने नीतीश कुमार-शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए जेपी नड्डा, मोदी-मोदी के लगे नारे

पटना। बिहार में तेजी से बदले राजनीतिक घटनाक्रम का रविवार को पटाक्षेप हो गया। आज का दिन मेगा संडे के रूप में याद रहेगा। नीतीश कुमार ने 9वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। राजभवन में शाम लगभग 5 बजे राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा भी शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने विशेष विमान से पटना पहुंचे। राजभवन में शपथ समारोह में भाग लेने जैसे ही राज्यपाल पहुंचे। उनके पहुंचते ही राष्ट्रगान हुआ और भारत माता के जयकारे लगे। वहीं राजभवन में मोदी-मोदी के नारे लगे।
वहीं भाजपा की तरफ से दो डिप्टी सीएम समेत 3 मंत्री बनाए गए हैं। जदयू के खाते में मुख्यमंत्री और 3 मंत्री आए हैं। हम के एक एमएलए और निर्दलीय विधायक को भी मंत्री पद मिला है। दन विधायकों को भी राज्यपाल ने पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।
इससे पहले नीतीश कुमार ने रविवार को ही 11 बजे राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर को इस्तीफा सौंपा। उसी वक्त भाजपा की बैठक में सम्राट चौधरी को विधायक दल का नेता और विजय सिन्हा को उपनेता चुना गया। इसके बाद एनडीए के सभी विधायकों को समर्थन पत्र नीतीश कुमार को सौंपा गया। उसके बाद श्री कुमार कुल 128 विधायकों का समर्थन पत्र लेकर राज्यपाल के पास पहुंचे। नीतीश के पास भाजपा के 78, जदयू के 45, हिंदुस्तान अवाम मोर्चा (हम) के चार और एक निर्दलीय विधायक का समर्थन है। इस्तीफे के 6 घंटे बाद नीतीश कुमार फिर से मुख्यमंत्री पद की शपथ ली।
नीतीश कुमार ने इस्तीफा देने के बाद मीडिया से कहा कि जो सरकार थी, उसको समाप्त करने का हमने गवर्नर साहब को बोल दिया। चारों तरफ से राय आ रही थी। इसी को हमने सुना। अब पहले के गठबंधन को छोड़कर नया गठबंधन बनाए हैं। आज हम लोग उनसे अलग हो गए। जितना काम हम कर रहे थे, वो कुछ काम ही नहीं कर रहे थे। लोगों को तकलीफ थी, हमने बोलना छोड़ दिया था।





