मप्रः रीवा में बोरवेल में गिरे मासूम को निकालने के लिए 17 घंटे से रेस्क्यू जारी
रीवा। मध्य प्रदेश के रीवा जिले में शुक्रवार शाम को बोरवेल
के 60 फीट गहरे गड्ढे में गिरे छह वर्षीय मासूम को 17 घंटे से चल रही कड़ी
मशक्क्तत के बाद भी बाहर नहीं निकाला जा सका है। एनडीआरएफ और स्थानीय
प्रशासन की पूरी टीम लगी हुई है, लेकिन अभी तक उन्हें सफलता नहीं मिली है।
चार पोकलेन और आठ जेसीबी की मदद से बोरवेल के समानांतर खुदाई की जा रही है।
रीवी कलेक्टर-एसपी समेत आला अधिकारी रात भर मौके पर मौजूद रहे।
जानकारी
के अनुसार, रीवा जिले में जनेह थाना क्षेत्र अंतर्गत मनिका गांव में
स्थानीय निवासी विजय कुमार आदिवासी का छह साल का बेटा मयंक आदिवासी
शुक्रवार शाम चार बजे अपने घर के पास खेत में दोस्तों के साथ खेल रहा था।
इसी दौरान मयंक अचानक बोरवेल के गड्ढे में गिर गया। परिजनों ने तत्काल घटना
की जानकारी पुलिस को दी। घटना की सूचना मिलते ही त्योंथर एसडीम संजय जैन
तत्काल रेस्क्यू दल एवं पुलिस बल के साथ घटना स्तर पर पहुंच कर राहत और
बचाव कार्य जारी शुरू कराया। शाम को रीवा से एनडीआरएफ की टीम भी मौके पर
पहुंच गई है और राहत एवं बचाव कार्य में जुट गई। बच्चा बोरवेल के गड्ढे में
60 फीट गहराई में फंसा हुआ है। उसे बचाने के लिए 17 घंटे से रेस्क्यू चल
रहा है।
एसडीम संजय जैन ने बताया कि बोरवेल
लगभग 160 फीट गहरा है, इसमें दो ओर से पोकलेन मशीन द्वारा खुदाई लगातार की
जा रही है। बच्चे को लगातार ऑक्सीजन दी जा रही है। बच्चे को सुरक्षित बाहर
निकालने के लिए युद्ध स्तर पर प्रयास किये जा रहे हैं। बच्चे के उपचार के
लिए मेडिकल टीम भी एंबुलेंस के साथ मौके पर तैनात है। आवश्यकता होने पर
विशेषज्ञ दलों को भी बचाव कार्य के लिए बुलाए जाने की व्यवस्था की जाएगी।
कलेक्टर प्रतिभा पाल तथा पुलिस अधीक्षक विवेक सिंह मौके पर पहुंचकर राहत और
बचाव कार्य की लगातार निगरानी कर रहे हैं।





