सरकारी भूमि पर कब्जा कर गरीबों को बेच कर चांदी कूद रहे भूमाफियां, जेडीए नहीं दे रहा ध्यान
जयपुर । शहर में भूमाफियाओं के आगे जेडीए पूरी तरह से नतमस्तक है।
भूमाफियों ने जेडीए की बेशकीमती जमीन पर कब्जा कर लिया और फिर उसके पट्टे
काट कर गरीब लोगों को सस्ती दर का लालच देकर बेचने की बात सामने आ रही है।
इस मामले को लेकर जेडीए प्रशासन को स्थानीय पार्षद ने शिकायत की, लेकिन
जेडीए ने कोई कार्रवाई नहीं की।
गोनेर रोड पर दांतली आरओबी
के पास जेडीए की फार्म हाउस एवं रिसोर्ट योजना है। भूमाफियाओं ने इस योजना
में और उसके आस-पास सरकारी भूमि पर कब्जा कर लिया। इसके बाद छोटी साइज के
भूखंड काटकर गरीब लोगों को सस्ती दरों पर बेचने की बात सामने आ रही है।
मौके पर भूखंडों की बाउंड्रीवाल करने सहित अन्य निर्माण कार्य जोरों पर चल
रहे है। इस पूरे मामले को लेकर स्थानीय पार्षद छोटूराम मीणा ने जेडीए
प्रशासन को लिखित में शिकायत भेजी दी है। वार्ड नम्बर 120 के पार्षद
छोटूराम मीणा ने जेडीए को पत्र लिखकर बताया कि आचार संहिता का लाभ उठाकर
भूमाफियाओं द्वारा सरकारी योजना और उसके पास की सरकारी जमीन पर कब्जा कर
प्लांट काटे जा रहे है। यह जमीन राजस्व गांव गोविंदपुरा उर्फ रोपाड़ा के
अंतर्गत आती है। मामला जोन-10 का है। सरकारी जमीन को बेचान का खेल जगतपुरा
बस्सी लिंक 200 फीट रोड पर चल रहा है।
जोन-10 ईओ सपना ने बताया कि
स्थानीय पार्षद ने सरकारी जमीन पर कब्जे की शिकायत दी है। शिकायत मिलने के
बाद डीसी जोन से रिपोर्ट मांगी गई है। रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की
जाएगी। इसके अलावा 52 फीट हनुमान जी के पास भी सरकारी जमीन पर कब्जे की
शिकायत आई है। दोनों की मामलों को लेकर जोन से जानकारी मांगी गई है।
जोन-10
डीसी देवयानी वस्ता ने बताया कि उसे सरकारी जमीन पर कब्जे की जानकारी नहीं
है। फिलहाल स्टाप किसी काम में लगा है। उनके आने के बाद इस मामले को
दिखवाएंगे। अगर सरकारी जमीन पर कब्जा हो रहा है तो उस पर कार्रवाई करवाई
जाएगी।
इकोलॉजीकल जोन में सरकारी जमीन और अवैध निर्माण के मामले सबसे ज्यादा
जेडीए
के जोन-10 का एक बड़ा हिस्सा इकॉलोजीकल जोन में आता है। यहां पर सरकारी
जमीन पर कब्जे और अवैध निर्माण की शिकायतें सबसे ज्यादा आ रही है। लेकिन
जेडीए प्रशासन कार्रवाई के नाम पर महज खानापूर्ति कर रहा है। 52 फीट हनुमान
जी के पास 60 फीट रोड पर स्थानीय लोगों ने 20 फीट कब्जा कर दुकानों का
निर्माण कर लिया, इससे आमजन को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
इसकों लेकर ईओ को कई बार शिकायत की,लेकिन कार्रवाई नहीं की गई। जामडोली,
रिंग रोड और उसके आस-पास के हिस्से से लगते इकॉलॉजीकल एरिए में लगातार
सरकारी जमीन पर कब्जे और अवैध निर्माण के मामले बढ़ रहे है।
जेडीए
प्रवर्तन शाखा के मुख्य नियंत्रक महेन्द्र शर्मा ने इस संबंध में बताया कि
इस मामले की जानकारी नहीं है, मैं इस बारे में देखकर ही पता पाउंगा।





