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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 5:37 · नई दिल्ली संस्करण

साइबर हमलों से बचाव के लिए ईरान को मजबूत तैयारी की जरूरत: रजा आरिफ

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
साइबर हमलों से बचाव के लिए ईरान को मजबूत तैयारी की जरूरत: रजा आरिफ

नई द‍िल्‍ली। ईरान के उपराष्ट्रपति मोहम्मद रजा आरिफ ने कहा क‍ि हमारे दुश्‍मन साज‍िशें रचेंगे और देश को नुकसान पहुंचाने का मौका तलाशते रहेंगे। इसल‍िए देश की साइबर सुरक्षा और निष्क्रिय रक्षा व्यवस्था को और मजबूत करना जरूरी है। उन्होंने कहा कि विरोधियों की साजिशों से निपटने के लिए ईरान को पूरी तरह तैयार रहना होगा।

इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज एजेंसी (आईआरएनए) की र‍िपोर्ट के अनुसार, तेहरान में विज्ञान और प्रौद्योगिकी विकास मुख्यालय की बैठक में आरिफ ने दुश्मनों की साजिशों को नाकाम करने के लिए देश को साइबर सुरक्षा और निष्क्रिय रक्षा के क्षेत्र में अपनी स्थिति और मजबूत करनी होगी।

उन्‍होंने कहा कि शहीद इस्लामी क्रांति के नेता की ओर से तय किए गए विकास दृष्टि कार्यक्रम के तहत ईरान को उन्नत तकनीकों के क्षेत्र में क्षेत्रीय स्तर पर अग्रणी स्थान हासिल करना चाहिए और वैश्विक स्तर पर भी एक प्रभावशाली भूमिका निभानी चाहिए।

आईआरएनए के अनुसार, उन्होंने कहा कि साइबर सुरक्षा को मजबूत करना एक जरूरी रणनीति है, क्योंकि दुश्मन ईरानी जनता के सामने हाल की अपनी हार के बावजूद साजिशें रचना बंद नहीं करेगा और हमारे देश को नुकसान पहुंचाने का मौका तलाशता रहेगा।

हमें पूरी तरह तैयार रहते हुए विरोधियों की साजिशों पर कड़ी नजर रखनी चाहिए और निष्क्रिय रक्षा पर भी ज्यादा ध्यान देना चाहिए।

मोहम्मद रजा आरिफ ने कहा क‍ि अमेरिका और इजराइल ने जून 2025 में ईरान के खिलाफ अपना पहला युद्ध शुरू किया था, जो 12 दिन तक चला।

इसके बाद उनका दूसरा सैन्य हमला इस वर्ष 2026 में 28 फरवरी को शुरू हुआ और 40 दिन के बाद अप्रैल की शुरुआत में रुक गया।

मोहम्मद रजा आरिफ ने दावा क‍िया क‍ि दोनों युद्धों में ईरान के मजबूत प्रतिरोध और जवाबी सैन्य अभियानों ने विरोधियों को युद्धविराम स्वीकार करने पर मजबूर कर दिया।

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