ईडी के लैंड फॉर जॉब केस में राबड़ी,मीसा, हिमा, ह्रदयानंद को अंतरिम जमानत
नई
दिल्ली, 09 फरवरी । दिल्ली के राऊज एवेन्यू कोर्ट ने ईडी के लैंड
फॉर जॉब मामले में आरोपित बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, मीसा
भारती और हिमा यादव के साथ ह्रदयानंद चौधरी को अंतरिम जमानत दे दी। स्पेशल
जज विशाल गोगने ने मामले की अगली सुनवाई 28 फरवरी को करने का आदेश दिया।
इससे पहले आज सुबह राबड़ी देवी, मीसा भारती, हिमा यादव और ह्रदयानंद चौधरी
कोर्ट में पेश हुए। कोर्ट ने 27 जनवरी को ईडी की चार्जशीट पर संज्ञान लिया
था।
कोर्ट ने राबड़ी, मीसा, हिमा यादव और ह्रदयानंद चौधरी को समन
जारी कर पेश होने का निर्देश दिया। साथ ही इस मामले में गिरफ्तार अमित
कात्याल के खिलाफ प्रोडक्शन वारंट जारी किया था। इस मामले में ईडी से पहले
सीबीआई ने भी केस दर्ज किया था। यह केस भीराऊज एवेन्यू कोर्ट में चल रहा
है। सीबीआई से जुड़े मामले में कोर्ट ने चार अक्टूबर, 2023 को बिहार के
तत्कालीन उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव, लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी को
जमानत दी थी। कोर्ट ने 22 सितंबर, 2023 को सीबीआई की ओर से दाखिल दूसरी
चार्जशीट पर संज्ञान लिया था। तीन जुलाई, 2023 को सीबीआई ने पूरक चार्जशीट
दाखिल की था। कोर्ट ने 27 फरवरी, 2023 को इन तीनों समेत सभी आरोपितों के
खिलाफ दाखिल चार्जशीट पर संज्ञान लिया था। सात अक्टूबर 2022 को लैंड फॉर
जॉब मामले में सीबीआई ने लालू प्रसाद यादव , राबड़ी देवी और मीसा भारती
समेत 16 के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी।
लैंड फॉर जॉब
घोटाला मामले में सीबीआई ने भोला यादव और हृदयानंद चौधरी को गिरफ्तार किया
था। भोला यादव 2004 से 2009 तक लालू यादव के ओएसडी रहे थे। लैंड फॉर जॉब
घोटाला लालू यादव के रेलमंत्री रहने के दौरान का है। भोला यादव को ही इस
घोटाले का मास्टरमाइंड माना जा रहा है। आरोप है कि लालू यादव के रेलमंत्री
रहते नौकरी के बदले जमीन देने के लिए कहा जाता था। नौकरी के बदले जमीन देने
के काम को अंजाम देने का काम भोला यादव को सौंपा गया था।
भोला
यादव 2015 के बिहार विधानसभा चुनाव में बहादुरपुर सीट से विधायक चुने गए
थे। सीबीआई ने मई के तीसरे सप्ताह में इस मामले में लालू यादव के परिजनों
से जुड़े 17 ठिकानों पर छापेमारी की थी। सीबीआई ने लालू यादव, उनकी पत्नी
राबड़ी देवी और बेटी मीसा भारती के पटना, गोपालगंज और दिल्ली स्थित ठिकानों
पर छापा मारा था।





