मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:20 · नई दिल्ली संस्करण

भारत में मौजूद दुनिया के 60 प्रतिशत जंगली एशियाई हाथी, संरक्षण के लिए 14 राज्यों में 33 रिजर्व सक्रिय : कीर्तिवर्धन सिंह

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
भारत में मौजूद दुनिया के 60 प्रतिशत जंगली एशियाई हाथी, संरक्षण के लिए 14 राज्यों में 33 रिजर्व सक्रिय : कीर्तिवर्धन सिंह

नई दिल्ली। विश्व हाथी दिवस पर देशभर से जंगली हाथियों के संरक्षण को लेकर नेताओं ने भारत की जैविक विरासत में हाथियों की भूमिका को याद किया और उनके बचाव का संकल्प दोहराया।

केंद्रीय राज्यमंत्री कीर्तिवर्धन सिंह ने 'एक्स' पर पोस्ट में लिखा, "भारत दुनिया के सबसे समृद्ध और विविध परिदृश्यों में से एक का घर है। विश्व हाथी दिवस पर हम गर्व से कह सकते हैं कि दुनिया के लगभग 60 प्रतिशत जंगली एशियाई हाथी यहीं रहते हैं, जो हमारी पारिस्थितिक विरासत का जीवंत प्रतीक हैं।

वे राजसी सुंदरता को दर्शाते हैं और गहरा धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व रखते हैं।"

उन्होंने कहा " पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत के हाथी अभयारण्य संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण हैं। 14 राज्यों में 33 हाथी रिजर्व महत्वपूर्ण आवासों की रक्षा कर रहे हैं और प्रवास मार्गों का संरक्षण कर रहे हैं।"

कीर्तिवर्धन सिंह ने 'एक्स' पर पोस्ट में लिखा, "हाथी पारिस्थितिकी तंत्र के इंजीनियर हैं।

जैसे-जैसे वे घूमते हैं, वे बीजों को लंबी दूरी तक फैलाते हैं, जिससे नए पौधे उगते हैं। हाथी का हर कदम प्रकृति में संतुलन बनाए रखता है। आइए इन सौम्य दिग्गजों की रक्षा और संरक्षण के लिए एकजुट हों।"

वहीं, आंध्र प्रदेश के डिप्टी सीएम पवन कल्याण ने विश्व हाथी दिवस पर कहा, "हाथी सिर्फ जंगल का एक राजसी प्राणी नहीं है।

यह हमारे जंगलों का संरक्षक है, पारिस्थितिक संतुलन का प्रतीक है और भारत की प्राकृतिक विरासत का अभिन्न हिस्सा है।" इस बात की जानकारी उपमुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से दी गई।

डिप्टी सीएम ने कहा, "विश्व हाथी दिवस पर मैं इन सौम्य दिग्गजों और उनके आवासों की रक्षा के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराता हूं।

प्रोजेक्ट एलीफेंट के माध्यम से भारत की लंबे समय से चली आ रही प्रतिबद्धता, पीएम मोदी के नेतृत्व में मजबूत हुई है, जो हाथियों की रक्षा, उनके आवासों और गलियारों को सुरक्षित करने और लोगों एवं वन्यजीवों के बीच सामंजस्यपूर्ण सह-अस्तित्व को बढ़ावा देने के हमारे राष्ट्रीय संकल्प को दर्शाती है।

उन्होंने केंद्रीय पर्यावरण मंत्री के मार्गदर्शन की भी सराहना करते हुए कहा, "मैं केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव के निरंतर मार्गदर्शन और प्रयासों की ईमानदारी से सराहना करता हूं, जिन्होंने भारत के वन्यजीव संरक्षण एजेंडे को आगे बढ़ाया है।"

आंध्र प्रदेश में इस दिशा में उठाए जा रहे कदमों का जिक्र करते हुए डिप्टी सीएम पवन कल्याण ने कहा, "आंध्र प्रदेश में हम इस प्रतिबद्धता को कुमकी हाथियों और एचएएनयूएमएएन (वन्यजीवों की निगरानी, ​​सहायता और देखभाल के लिए उपचार और पालन-पोषण इकाइयां) पहल के माध्यम से आगे बढ़ा रहे हैं, जिसमें प्रशिक्षित फील्ड टीमें, बचाव अवसंरचना, तकनीक और त्वरित प्रतिक्रिया शामिल हैं ताकि वन्यजीव संरक्षण को अधिक प्रभावी और मानवीय बनाया जा सके।"

पवन कल्याण ने कहा, "हमारा दृष्टिकोण सरल है। सुरक्षित समुदाय, संरक्षित जंगल और सुरक्षित आवासों में स्वतंत्र रूप से घूमते हाथी। आइए सुनिश्चित करें कि ये सौम्य दिग्गज हमारे जंगलों में चलते रहें और आने वाली पीढ़ियों को प्रकृति का सम्मान करने, उसकी रक्षा करने और उसके साथ सद्भाव में रहने के लिए प्रेरित करें। हाथियों की रक्षा करें। जंगलों की रक्षा करें। हमारे भविष्य की रक्षा करें।"

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें