सरकार ने कच्चे तेल पर विंडफॉल टैक्स घटाकर 8,400 रुपये प्रति मैट्रिक टन किया
एटीएफ, डीजल और पेट्रोल के निर्यात पर लगने वाला शुल्क शून्य पर बरकरार
नई
दिल्ली। केंद्र सरकार ने घरेलू कच्चे तेल पर अप्रत्याशित
लाभ कर (विंडफॉल टैक्स) में कटौती की है। कच्चे तेल पर विंडफॉल टैक्स 9,600
रुपये प्रति मैट्रिक टन से घटाकर 8,400 रुपये प्रति मैट्रिक टन कर दिया
गया है। हालांकि, विमान ईंधन (एटीएफ), डीजल और पेट्रोल के निर्यात पर लगने
वाले शुल्क को शून्य पर बरकरार रखा गया है। नई दरें बुधवार से प्रभावी हो
गई है।
इससे पहले केंद्र सरकार ने 16 अप्रैल, 2024 को घरेलू कच्चे
तेल पर विंडफॉल टैक्स को 6,800 रुपये प्रति मैट्रिक टन से बढ़ाकर 9,600
रुपये प्रति मैट्रिक टन कर दिया था। ये कर विशेष अतिरिक्त उत्पाद शुल्क
(एसएईडी) के रूप में लगाया जाता है। सरकार ने पहली बार एक जुलाई, 2022 को
विंडफॉल टैक्स लगाया था। इसके लागू होने के साथ ही भारत उन देशों में शामिल
हो गया, जो ऊर्जा कंपनियों के असाधारण लाभ पर कर लगाते हैं।
दरअसल,
सरकार अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की पिछले दो हफ्तों की औसत
कीमतों के आधार पर टैक्स दरों की समीक्षा हर पखवाड़े करती है। यह कर विशेष
अतिरिक्त उत्पाद शुल्क (एसएईडी) के तौर पर लगाया जाता है।




