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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 2:35 · नई दिल्ली संस्करण

सीएम सम्राट चौधरी ने वित्त और विदेश मंत्री से की मुलाकात, बिहार के विकास पर चर्चा

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
सीएम सम्राट चौधरी ने वित्त और विदेश मंत्री से की मुलाकात, बिहार के विकास पर चर्चा

नई दिल्ली। कर्तव्य भवन में बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और केंद्रीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर से मुलाकात की। इस दौरान बिहार सरकार के उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी और जदयू के राज्यसभा सदस्य संजय झा भी मौजूद रहे।

सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म 'एक्स' पर पोस्ट कर इस बैठक की जानकारी दी। उन्होंने लिखा, "नई दिल्ली में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एवं विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर के साथ महत्वपूर्ण बैठक में सम्मिलित हुआ।" उन्होंने बताया कि बैठक में भारत-नेपाल जल एवं बांध परियोजनाओं, बजट से जुड़े विषयों, पर्यटन के विकास और बिहार के हित से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई।

सम्राट चौधरी ने लिखा कि बिहार के विकास, समृद्धि और जनहित से जुड़े विषयों को केंद्र के सामने मजबूती से रखने और बेहतर समन्वय के साथ आगे बढ़ने की दिशा में यह बैठक महत्वपूर्ण रही। इस बैठक में उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी और राज्यसभा सदस्य संजय झा भी उपस्थित रहे।

बता दें कि भारत और नेपाल के बीच जल संसाधन सहयोग के तहत कोसी, गंडक और महाकाली नदियों पर कई प्रमुख बांध और जलविद्युत परियोजनाएं चल रही हैं और कुछ प्रस्तावित हैं। इनका मुख्य उद्देश्य बाढ़ नियंत्रण, सिंचाई की सुविधा देना और जलविद्युत का उत्पादन करना है।

कोसी परियोजना भारत और नेपाल के बीच 1954 के समझौते के तहत शुरू हुई थी। इसके तहत कोसी बैराज का निर्माण हुआ, जिसका मकसद उत्तर बिहार और नेपाल में बाढ़ को नियंत्रित करना और सिंचाई की सुविधा देना है। वहीं, गंडक परियोजना 1959 के गंडक समझौते के तहत बनी। इसके अंतर्गत भैंसालोटन (बाल्मीकि नगर) में बांध और जलविद्युत संयंत्र का निर्माण किया गया है।

सप्त कोसी उच्च बांध परियोजना नेपाल में सप्तकोशी नदी पर प्रस्तावित एक बड़ी बहुउद्देशीय परियोजना है।

भारत और नेपाल मिलकर इस योजना पर काम कर रहे हैं। इसका मुख्य उद्देश्य उत्तरी बिहार और दक्षिण-पूर्वी नेपाल को भयंकर बाढ़ से बचाना, भारी मात्रा में बिजली बनाना और सिंचाई के लिए पानी देना है।

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