मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 7:08 · नई दिल्ली संस्करण

पूजा पाल को बाहर का रास्ता दिखाकर सपा ने दिया 2027 में सेफ पॉलिटिक्स का संदेश

राष्ट्रीय सागर डेस्क4 मिनट का पठन
पूजा पाल को बाहर का रास्ता दिखाकर सपा ने दिया 2027 में सेफ पॉलिटिक्स का संदेश

लखनऊ। विधानसभा सत्र के दौरान समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने विधायक पूजा पाल को बाहर का रास्ता दिखाकर पिछड़ों को एक संदेश देने का काम किया है। वे 2027 के चुनाव में किसी प्रकार का जोखिम नहीं चाहते हैं। राजनीतिक जानकारों के अनुसार वे इस कारण ऐसे कदम उठा रहे हैं।

जानकार बताते हैं कि सपा विधायक पूजा पाल ने राज्यसभा चुनाव के दौरान क्रॉस वोटिंग करके पार्टी के अनुशासन को तोड़ा था, लेकिन सपा मुखिया ने उसे नजरअंदाज कर उनको पार्टी में बरकरार रखा था। इसके बाद सत्र के दौरान पूजा पाल ने योगी सरकार के कसीदे पढ़कर दूसरी बड़ी गलती की, जिसे सपा प्रमुख ने बर्दाश्त नहीं किया और उन्हें पार्टी से निकाल दिया। हालांकि बताया जा रहा है कि पूजा पाल को अखिलेश ने राज्यसभा क्रॉस वोटिंग के बाद से ही निष्कासित सूची में डाल रखा था। बस उनको मौके का इंतजार था।

विधानसभा सत्र में विजन डॉक्यूमेंट पर चर्चा के दौरान पूजा ने कहा कि सभी को पता है उनके पति राजू पाल की हत्या कैसे और किसने की थी। ऐसे कठिन समय में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनकी बात सुनी और न्याय दिलाया। मुख्यमंत्री ने प्रयागराज में मुझ जैसी कई महिलाओं को न्याय दिलाया और अपराधियों को दंड दिया। आज पूरा प्रदेश मुख्यमंत्री की ओर विश्वास से देखता है। मेरे पति के हत्यारे अतीक अहमद को मुख्यमंत्री ने अपने वादे के अनुसार मिट्टी में मिलाने का काम किया।

इस बयान के बाद ही सपा ने उन्हें पार्टी से निकाल दिया। वरिष्ठ राजनीतिक विश्लेषक राजीव श्रीवास्तव कहते हैं कि पूजा पाल ने जिस प्रकार से सदन में भाजपा सरकार की तारीफ की है, वह लक्ष्मण रेखा पार करने जैसा था। ऐसे में सपा के पास कोई और विकल्प नहीं था। अब तक सपा ने जितने भी एक्शन किए हैं, चाहे विधायक राकेश प्रताप हों, मनोज पाण्डेय हों, या अभय सिंह हों, यह सभी अपर कास्ट के थे। पूजा पाल ने भी क्रॉस वोट किया, लेकिन उनके खिलाफ एक्शन नहीं हुआ। शायद पीडीए से थीं, यही कारण होगा।

राजीव श्रीवास्तव आगे कहते हैं कि अब विधानसभा चुनाव आ रहा है, इसलिए अखिलेश अब कोई रिस्क नहीं लेना चाहते हैं। वो पार्टी में समर्पित लोग ही चाहते हैं जिन पर कोई संदेह न हो। अब देखना है कि अभी क्रॉस वोटिंग वाले जो बचे, उन पर क्या एक्शन होगा। क्योंकि अभी बुंदेलखंड के बागी विधायक विनोद चतुर्वेदी बचे हैं जिन पर कोई एक्शन नहीं हुआ है। हालांकि वह भी अभी शांत हैं। सपा 2027 की तैयारी में है। वो चाहती है कि पार्टी में अवसरवादियों की जगह वहीं लोग रहें जो पूर्णतया सपा के प्रति समर्पित हों।

उन्होंने कहा कि अखिलेश को लगता है कि वह पीडीए के फॉर्मूले से भाजपा को पटखनी दे सकते हैं। लिहाजा वह हर कदम ठोक बजाकर उठा रहे हैं।

सपा के प्रदेश प्रवक्ता अशोक यादव का कहना है कि पूजा पाल बार-बार कहती हैं कि मुझे न्याय मुख्यमंत्री ने दिया है। जबकि हमारी विधायक बिजमा यादव अभी भी न्याय के लिए भटक रही है। पूजा पाल को मिला न्याय नैसर्गिक नहीं है। योगी सरकार का हर कदम पीडीए के खिलाफ है। यह पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल रही। लगातार उसे आगे बढ़ाती रही है। ऐसे में उन पर उठाया गया कदम बिल्कुल ठीक है।

भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता आनंद दुबे का कहना है कि सपा अपने किसी भी कार्यकर्ता के ऊपर कार्यवाही करे। उससे हमें कोई दिक्कत नहीं है। लेकिन यह भेदभावपूर्ण हैं। एक पिछड़ी महिला ने अपने पति के हत्यारे के न्याय दिलाने के लिए सरकार की तारीफ की। एक माफिया के सम्मान में अखिलेश मैदान में उतर जाते हैं। माफियाओं से उनकी इतनी हमदर्दी है कि पीडीए का नारा देने वालों को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा देती है, जबकि पार्टी के खिलाफ काम करने वाले तमाम लोग अभी पार्टी में हैं। अखिलेश यादव सिर्फ पिछड़ों को धोखा दे रहे हैं।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें