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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 6:24 · नई दिल्ली संस्करण

एक महीना तक महिला को अगवा कर बनाए रखा बंधक, 8 लोगों पर मुकदमा

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
एक महीना तक महिला को अगवा कर बनाए रखा बंधक, 8 लोगों पर मुकदमा

अररिया। जिले के फारबिसगंज थाना क्षेत्र की एक विवाहित महिला ने नरपतगंज थाना क्षेत्र के पलासी गांव निवासी मो. आलम आजाद सहित सात लोगों पर गंभीर आरोप लगाते हुए अररिया व्यवहार न्यायालय में परिवाद पत्र दाखिल किया है।पीड़िता ने आरोप लगाया है कि उसे धोखे से अगवा कर महीनों तक बंधक बनाया गया, मारपीट की गई, हिंदू से मुस्लिम धर्म परिवर्तन के लिए दबाव डाला गया और बच्चे को मारने की धमकी दी गई।इतना ही नहीं दर्ज परिवाद पत्र में महिला ने विदेश में उन्हें बेचने की नाकाम कोशिश करने का भी आरोप लगाया है।पीड़िता के अनुसार, आरोपी मो. आलम आजाद ने उसे फोन पर झांसा दिया कि उसके पति ने उसे बुलाया है। विश्वास में आकर वह घर से निकली तो आलम आजाद उसे जबरन अपनी कार में बैठाकर सुपौल जिले के वीरपुर प्रखंड के भीमपुर गांव ले गया। वहां कई दिन बंधक रखने के बाद उसे अररिया लाया गया, जहां जबरदस्ती एक कागज पर हस्ताक्षर करवाकर नोटरी करा लिया गया। पीड़िता का आरोप है कि यह कागज उन्हें विदेश में बेचने के लिए इस्तेमाल करने की नीयत से करवाया गया।इसके बाद उसे फिर भीमपुर और फिर आलम के पैतृक गांव पलासी में कैद रखा गया। परिजनों ने मिलकर आपत्तिजनक खाद्य पदार्थ खिलाने और धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाया। विरोध करने पर मारपीट की गई। अंत में आरोपी आलम आजाद उसे सहरसा से ट्रेन पकड़वाकर दिल्ली ले गया, जहां कई दिनों तक एक किराए के मकान में बंधक बनाकर रखा और उसके बच्चे को मारने की धमकी दी।लंबे समय तक कैद और उत्पीड़न के बाद किसी तरह पीड़िता अपने घर वापस लौटी। डर और सामाजिक कलंक के कारण पहले चुप रही, लेकिन अब हिम्मत जुटाकर अपने पति के साथ मिलकर उसने न्यायालय की शरण ली है। परिवाद में मो. आलम आजाद के अलावा उसके परिजनों व सहयोगियों समेत कुल सात लोगों को आरोपी बनाया गया है। मामला सामने आने के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। पुलिस अभी तक इस मामले में कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं कर सकी है, क्योंकि पीड़िता ने सीधे कोर्ट में परिवाद दाखिल किया है।

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