मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 2:35 · नई दिल्ली संस्करण

भारत में ग्रीन केमिकल्स को बढ़ावा देगा अदाणी ग्रुप

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
भारत में ग्रीन केमिकल्स को बढ़ावा देगा अदाणी ग्रुप

अहमदाबाद,। अदाणी ग्रुप की प्रमुख कंपनी अदाणी एंटरप्राइजेज लिमिटेड (एईएल) और फ्रांस की क्लीन-टेक कंपनी डायोक्सिकल ने भारत में कम-कार्बन (लो-कार्बन) केमिकल उत्पादन को विकसित करने और बड़े स्तर पर बढ़ाने के लिए दीर्घकालिक साझेदारी की घोषणा की है।

कंपनी के एक बयान के मुताबिक, इस पहल की शुरुआत अदाणी ग्रुप के एक प्लांट में पायलट परियोजना से होगी, जहां कैप्चर किए गए कार्बन डाइऑक्साइड (सीओ2) और नवीकरणीय बिजली (रेनेवेबल इलेक्ट्रिसिटी) की मदद से फॉर्मिक एसिड का उत्पादन किया जाएगा।

पायलट परियोजना सफल रहने के बाद इस तकनीक को व्यावसायिक स्तर पर लागू किया जाएगा।

फॉर्मिक एसिड और उससे जुड़े उत्पादों का इस्तेमाल वस्त्र (टेक्सटाइल), कृषि और विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) सहित कई उद्योगों में व्यापक रूप से किया जाता है।

इस परियोजना का उद्देश्य यह दिखाना है कि कैप्चर किए गए कार्बन उत्सर्जन को स्वच्छ ऊर्जा की मदद से उपयोगी औद्योगिक उत्पादों में बदला जा सकता है।

इस साझेदारी के तहत डायोक्सिकल की बिजली-आधारित रासायनिक उत्पादन तकनीक को अदाणी समूह की स्वच्छ ऊर्जा क्षमता, मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर और परियोजना क्रियान्वयन विशेषज्ञता के साथ जोड़ा जाएगा, जिसका लक्ष्य टिकाऊ और लागत के लिहाज से प्रतिस्पर्धी केमिकल उत्पादन का नया मॉडल तैयार करना है।

अदाणी ग्रुप के निदेशक जीत अदाणी ने कहा, "हमें भारत की पहली ऐसी फॉर्मिक एसिड उत्पादन इकाई शुरू करने पर गर्व है, जो पूरी तरह नवीकरणीय बिजली और कैप्चर किए गए कार्बन पर आधारित होगी।

डायोक्सिकल के साथ यह साझेदारी दिखाती है कि रणनीतिक औद्योगिक सहयोग के जरिए कार्बन जैसी चुनौती को टिकाऊ और आर्थिक रूप से लाभदायक संपत्ति में बदला जा सकता है।

वहीं, डायोक्सिकल की मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) और सह-संस्थापक सारा लैमिसन ने कहा, "यह साझेदारी दिखाती है कि स्वच्छ तकनीक और बड़े औद्योगिक स्तर का संयोजन आवश्यक रसायनों के उत्पादन के तरीके को बदल सकता है।

भारत के पास नवीकरणीय ऊर्जा, मजबूत विनिर्माण क्षमता और बड़े पैमाने पर विस्तार की संभावनाएं हैं। अदाणी समूह के साथ मिलकर हमारा लक्ष्य कम-कार्बन केमिकल उत्पादन का प्रतिस्पर्धी और बड़े स्तर पर लागू किया जा सकने वाला मॉडल तैयार करना है।

दोनों कंपनियां भविष्य में केवल फॉर्मिक एसिड तक सीमित नहीं रहेंगी, बल्कि ऊर्जा, पैकेजिंग, मटेरियल्स और मैन्युफैक्चरिंग जैसे क्षेत्रों में इस्तेमाल होने वाले अन्य केमिकल्स के विकास की संभावनाओं पर भी काम करेंगी। इन क्षेत्रों में आज भी बड़े पैमाने पर जीवाश्म ईंधन (फॉसिल फ्यूल) आधारित कच्चे माल का उपयोग होता है और कार्बन उत्सर्जन कम करने का दबाव लगातार बढ़ रहा है।

अदाणी ग्रुप के लिए यह पहल केमिकल सेक्टर में एक महत्वपूर्ण रणनीतिक प्रवेश है। इससे समूह अपनी नवीकरणीय ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर की मौजूदा ताकत का लाभ उठाते हुए भविष्य के लिए तैयार नए कारोबारों में विस्तार करेगा।

यह साझेदारी भारत और यूरोप के बीच स्वच्छ तकनीकों में बढ़ते सहयोग का भी उदाहरण है।

वैश्विक सप्लाई चेन अब अधिक टिकाऊ विकल्पों की ओर बढ़ रही हैं और भारत अपनी औद्योगिक क्षमता, बड़े बाजार और प्रचुर नवीकरणीय ऊर्जा संसाधनों के कारण उन्नत विनिर्माण के लिए एक पसंदीदा केंद्र बनकर उभर रहा है।

कंपनी के अनुसार, यह पहल 'मेक इन इंडिया' और 'विकसित भारत 2047' के राष्ट्रीय लक्ष्यों को भी मजबूती देगी, जिससे तकनीक आधारित विकास को बढ़ावा मिलेगा, घरेलू विनिर्माण क्षमता मजबूत होगी और भारत की प्रतिस्पर्धी तथा टिकाऊ अर्थव्यवस्था की दिशा में बदलाव को गति मिलेगी।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें