मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:44 · नई दिल्ली संस्करण

बस्तर में बंदूक का दौर खत्म, लोग खुलकर ले रहे हैं सांस: गृह मंत्री अमित शाह

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
बस्तर में बंदूक का दौर खत्म, लोग खुलकर ले रहे हैं सांस: गृह मंत्री अमित शाह

रायपुर। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि बस्तर अब नक्सलवाद के भय से पूरी तरह मुक्त हो चुका है और अब यहां विकास का नया अध्याय शुरू होने जा रहा है। उन्होंने कहा कि बस्तर के लोगों के चेहरे पर अब उत्साह, आत्मविश्वास और भविष्य की उम्मीद साफ दिखाई देती है। बंदूक के साये में जीने का दौर खत्म हो चुका है और पूरा बस्तर अब खुलकर सांस ले रहा है।

गृह मंत्री ने अपने संबोधन में चार महत्वपूर्ण तिथियों का उल्लेख करते हुए नक्सलवाद के खिलाफ अभियान और उसके बाद विकास की योजना को विस्तार से बताया।

उन्होंने कहा कि पहली महत्वपूर्ण तिथि 13 दिसंबर 2023 थी, जब छत्तीसगढ़ में विष्णु देव साय के नेतृत्व में भाजपा सरकार बनी। गृह मंत्री शाह ने कहा कि केंद्र में पहले भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार थी, लेकिन राज्य में कांग्रेस की सरकार होने के कारण नक्सलवाद के खिलाफ अपेक्षित सहयोग नहीं मिल पाया। उन्होंने दावा किया कि कई गैर-भाजपा सरकारों ने केंद्र का सहयोग किया, लेकिन कांग्रेस सरकार ने इस अभियान में साथ नहीं दिया।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि राज्य में भाजपा सरकार बनने के बाद बस्तर में बचे हुए नक्सलवाद को खत्म करने के लिए नए सिरे से अभियान शुरू किया गया। उन्होंने दूसरी महत्वपूर्ण तिथि 24 अगस्त 2024 बताते हुए कहा कि उस दिन सभी राज्यों के डीजी की बैठक के बाद यह घोषणा की गई थी कि 31 मार्च 2026 तक देश को नक्सलवाद के आतंक से मुक्त कर दिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों के पराक्रम, साहस और बलिदान के कारण तय समयसीमा से पहले ही 31 मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद का संपूर्ण खात्मा हो गया।

गृह मंत्री ने कहा कि चौथी और सबसे अहम तिथि 19 मई 2026 है, क्योंकि इस दिन से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में संपूर्ण विकास की परिकल्पना को लॉन्च किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि वर्षों तक कुछ बुद्धिजीवी यह कहते रहे कि विकास न पहुंचने के कारण नक्सलवाद फैला, जबकि सच्चाई यह थी कि नक्सलवाद की वजह से ही विकास इन इलाकों तक नहीं पहुंच पाया।

गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि बस्तर के विकास के लिए केंद्र सरकार अब नई योजनाओं पर काम शुरू कर चुकी है। उन्होंने बताया कि हाल ही में “शहीद वीर गुंडाधुर सेवा डेरा” का उद्घाटन किया गया है।

यह योजना उन सुरक्षा कैंपों को विकास केंद्र में बदलने की पहल है, जिन्हें नक्सलवाद से लड़ने के लिए बनाया गया था।

उन्होंने बताया कि गृह मंत्रालय ने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में करीब 200 सुरक्षा कैंप स्थापित किए थे, जहां सीएपीएफ, डीआरजी और छत्तीसगढ़ पुलिस के जवान तैनात थे। अब नक्सलवाद समाप्त होने के बाद इनमें से 70 कैंपों को “शहीद वीर गुंडाधुर सेवा डेरा” में बदला जाएगा।

गृह मंत्री शाह ने कहा कि इन सेवा डेरों के माध्यम से बस्तर के प्रत्येक आदिवासी परिवार को एक गाय और एक भैंस उपलब्ध कराई जाएगी। सहकारी मॉडल के जरिए उनके दूध का विपणन पूरे देश में किया जाएगा, जिससे आदिवासी परिवारों की आय बढ़ेगी और क्षेत्र आर्थिक रूप से मजबूत होगा।

उन्होंने कहा कि बस्तर में अब भय नहीं, बल्कि विकास, रोजगार और समृद्धि की नई कहानी लिखी जाएगी।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें