कारसेवा के बलिदानी राम अचल गुप्ता के परिजनों को निमंत्रण की आस

अयोध्या,07
जनवरी अयोध्या में भगवान श्रीराम की जन्मभूमि पर रामलला का भव्य
दिव्य मंदिर उत्तरोत्तर शिखर की ओर अग्रसर है। राम मंदिर आन्दोलन में जिन
हुतात्माओं ने अपना बलिदान दिया, उनके योगदान को भुलाया नहीं जा सकता। राम
मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा का आमंत्रण देशभर में दिया जा रहा है। राम मंदिर
आन्दोलन के दौरान 1990 की कारसेवा के बलिदानी स्व0 राम अचल गुप्ता के
परिजनों को अभी तक 22 जनवरी को होने वाले राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा का
आमंत्रण नहीं मिला है।
बलिदानी कारसेवक के परिजन प्राण
प्रतिष्ठा समारोह के आमंत्रण की आस लगाये बैठे हैं। राम अचल गुप्ता के
परिजनों को राम मंदिर के भूमि पूजन का निमंत्रण मिला था। राम अचल गुप्ता के
बड़े बेटे संजय कुमार गुप्ता व राम मंदिर के भूमि पूजन कार्यक्रम में शामिल
भी हुए थे।
उल्लेखनीय है कि स्व. राम अचल गुप्ता के पिता
का नाम देवी प्रसाद गुप्ता और माता का नाम राम कला था। उनका जन्म 27 मार्च
1964 को हुआ था। वह गांव में लगने वाली राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की शाखा के
स्वयंसेवक थे। आर्थोपार्जन के लिए वह भेलसर में पान की गुमटी चलाते थे। जब
राम अचल गुप्ता का बलिदान हुआ तो उनके दो बेटे व एक पुत्री थी। बड़ा बेटा
महज छह वर्ष का था। अन्य दोनों बच्चे उससे छोटे थे।
स्व.
राम अचल गुप्ता की पत्नी राजकुमारी ने बताया कि भेलसर चैराहे पर पान की
गुमटी थी, वह वहीं पर पान बेचते थे। अयोध्या जाने से एक दिन पहले उन्होंने
लोगों से कहा था कि परसों हमारी गुमटी उठ जायेगी। घर के लोग उन्हें अयोध्या
जाने से रोक रहे थे, लेकिन वह नहीं मानें। तीन दिन बाद घरवालों को पता चला
कि उन्हें गोली लगी है। राम मंदिर का आमंत्रण नहीं मिलने पर उन्होंने कहा
कि अगर बुलाया आयेगा तो हम जरूर जायेंगे,नहीं तो बाद में दर्शन करूंगी।
स्व.
राम अचल के साथ अयोध्या गए राजेश साहू ने बताया कि उनके साथ करीब दो दर्जन
लोग कारसेवा में गये थे। वह कहते थे कि अयोध्या में अग्रिम मोर्चें पर
रहकर कारसेवा करेंगे। अयोध्या पहुंचने पर जब रामभक्तों की भीड़ कारसेवा करने
जन्मभूमि की ओर जा रही थी, उसी दौरान लाल कोठी के पास राम अचल गुप्ता के
सीने में गोली लगी।
सुजागंज में बनी है स्व.राम अचल गुप्ता की समाधि
सुजागंज
बाजार में शिवाला मंदिर का परिसर और पक्का तालाब बना है। शिवाला परिसर में
ही स्व.राम अचल गुप्ता की समाधि बनी है। राम अचल गुप्ता के साथ अयोध्या
में कारसेवा करने गये परमानंद ने बताया कि उनके शव को लेकर रामभक्तों के
भारी हुजूम के साथ विनय कटियार और डा. राम विलास दास वेदांती आये थे।
06
जुलाई 2021 को प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने शुजागंज में
राम अचल गुप्ता की मूर्ति का अनावरण किया। बलिदानी कारसेवक के बड़े पुत्र
संजय कुमार ने कहा कि हम लोग चाहते हैं कि सुजागंज में राम अचल गुप्ता के
नाम से स्मृति द्वार बन जाय। उन्होंने बताया कि मूर्ति का अनावरण करने आये
केशव प्रसाद मौर्य ने मंच से घोषणा की थी कि रूदौली में रेलवे ओवर ब्रिज के
पुल का नाम राम अचल गुप्ता के नाम से रखा जायेगा, लेकिन वह भी दूसरे के
नाम से कर दिया गया। संजय ने कहा कि चुनाव के समय सब लोग पूछते हैं बाद में
कोई नहीं पूछता।





