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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 2:48 · नई दिल्ली संस्करण

प्रधानमंत्री मोदी गुरुवार को दिल्ली में 28वें कॉमनवेल्थ स्पीकर्स कॉन्फ्रेंस का उद्घाटन करेंगे

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
प्रधानमंत्री मोदी गुरुवार को दिल्ली में 28वें कॉमनवेल्थ स्पीकर्स कॉन्फ्रेंस का उद्घाटन करेंगे

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गुरुवार को संसद भवन के सेंट्रल हॉल में राष्ट्रमंडल देशों के लोकसभा अध्यक्षों और पीठासीन अधिकारियों के 28वें सम्मेलन (सीएसपीओसी) का उद्घाटन करेंगे। इस सम्मेलन की अध्यक्षता लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला करेंगे और इसमें विश्व के विभिन्न हिस्सों से 42 राष्ट्रमंडल देशों व 4 अर्ध-स्वायत्त संसदों के 61 लोकसभा अध्यक्ष और पीठासीन अधिकारी भाग लेंगे।

प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) की ओर से बुधवार को जारी एक आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी गुरुवार को सुबह 10:30 बजे सीएसपीओसी सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे। इस अवसर पर वे सभा को संबोधित भी करेंगे।

पीएमओ के अनुसार, सम्मेलन में समकालीन संसदीय मुद्दों की एक विस्तृत श्रृंखला पर विचार-विमर्श किया जाएगा, जिसमें मजबूत लोकतांत्रिक संस्थानों को बनाए रखने में स्पीकर्स और पीठासीन अधिकारियों की भूमिका शामिल है।

यह आयोजन कॉमनवेल्थ के भीतर संसदीय संवाद और लोकतांत्रिक सहयोग के केंद्र के रूप में भारत की बढ़ती भूमिका को दर्शाता है।

चर्चाएं संसदीय लोकतंत्र को मजबूत करने पर केंद्रित होंगी, ऐसे समय में जब दुनिया भर की विधायिकाएं तेजी से राजनीतिक, तकनीकी और सामाजिक परिवर्तनों से गुजर रही हैं।

पीएमओ ने जानकारी दी कि सम्मेलन के मुख्य विषयों में संसदीय कामकाज में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग, सांसदों पर सोशल मीडिया का प्रभाव, संसद की सार्वजनिक समझ को बढ़ाने के लिए अभिनव कार्यनीतियां और मतदान से परे नागरिक भागीदारी आदि शामिल हैं।

इसके अलावा, यह सम्मेलन स्पीकर्स और पीठासीन अधिकारियों को विधायी प्रक्रियाओं, संसदीय नैतिकता और संस्थागत अखंडता से संबंधित सर्वोत्तम प्रथाओं और अनुभवों का आदान-प्रदान करने के लिए एक वैश्विक मंच प्रदान करेगा।

बता दें कि सीएसपीओसी, कॉमनवेल्थ संसदीय ढांचे के भीतर एक प्रतिष्ठित मंच है और सदस्य देशों की विधायिकाओं के बीच सहयोग को मजबूत करने के लिए समय-समय पर आयोजित किया जाता है। 28वें संस्करण की भारत की मेजबानी लोकतांत्रिक मूल्यों और संसदीय परंपराओं के प्रति उसकी प्रतिबद्धता सामने रखती है।

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