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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 5:24 · नई दिल्ली संस्करण

मुख्यमंत्री के आदेश पर पांच बेसहारा बच्चों की पढ़ाई और पोषण की हुई व्यवस्था

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
मुख्यमंत्री के आदेश पर पांच बेसहारा बच्चों की पढ़ाई और पोषण की हुई व्यवस्था

रांची। मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के आदेश के बाद पांच बेसहारा बच्चों की शिक्षा, राशन, पोषण की व्यवस्था एवं बच्चों की नानी के लिए पेंशन की स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। मुख्यमंत्री ने इस संबंध में पश्चिमी सिंहभूम (चाईबासा) के उपायुक्त को पीड़ित परिवार को हर जरूरी सरकारी योजनाओं से जोड़ने एवं बच्चों की पढ़ाई के लिए व्यवस्था करने का निर्देश दिया था।उपायुक्त ने बताया कि प्रखंड विकास पदाधिकारी ने असुरा गांव जाकर पीड़ित परिवार से भेंट किया। इस दौरान पता चला कि बच्चों का ना तो आधार कार्ड है और ना ही जन्म प्रमाण पत्र। बुजुर्ग नानी को पूर्व में पेंशन मिलता रहा है, जो किसी कारणवश बंद हो गया। पेंशन के कागजात भी कहीं खो गए हैं। प्रखंड विकास पदाधिकारी के जरिये सभी बच्चों का जन्म प्रमाण पत्र तथा आधार पंजीयन की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। साथ ही एक बच्चा चार माह का है, उसका पालन उसकी चाची के जरिये किया जा रहा है। प्रशासन के जरिये आंगनबाड़ी से मिलने वाले पोषक पूरक आहार उपलब्ध करवाने के लिए सहायिका को कहा गया है। तीन बच्चों का नामांकन स्थानीय विद्यालय में तथा एक बच्चे का नामांकन आंगनवाड़ी में करवाने की प्रक्रिया और सामाजिक सुरक्षा योजना से जोड़ने के लिए सभी प्रकार के कागजात को भी अद्यतन किया जा रहा है।उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री को जानकारी मिली कि पश्चिमी सिंहभूम के झींकपानी स्थित असुरा गांव निवासी साहू पूर्ति एवं दुखी पूर्ति की मृत्यु 24 नवंबर को हो जाने के बाद उनके पांच बच्चे बेसहारा हो गये हैं। बच्चों की देखभाल करने वाली उनकी बुजुर्ग नानी सामाजिक सुरक्षा पेंशन से वंचित है। इसके बाद मुख्यमंत्री ने पीड़ित परिवार को सरकारी योजनाओं से जोड़ने एवं बच्चों की शिक्षा सुनिश्चित करने का आदेश दिया था।

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