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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · सुबह 5:33 · नई दिल्ली संस्करण

झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन ने 319 शिक्षकों और 17 महिला पर्यवेक्षकों को सौंपा नियुक्ति पत्र

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन ने 319 शिक्षकों और 17 महिला पर्यवेक्षकों को सौंपा नियुक्ति पत्र

रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सोमवार को रांची के प्रोजेक्ट भवन में आयोजित एक राजकीय समारोह में 319 इंटर व स्नातक प्रशिक्षित सहायक आचार्यों (शिक्षकों) और 17 महिला पर्यवेक्षकों को नियुक्ति पत्र सौंपे।

इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में पिछले चार महीनों के भीतर अकेले शिक्षा विभाग में 9,000 से अधिक शिक्षकों की बहाली की जा चुकी है और आगामी दो से चार महीनों के भीतर विभिन्न सरकारी विभागों में हजारों और नए पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी।

मुख्यमंत्री ने नियुक्ति पत्र पाने वाले अभ्यर्थियों से कहा कि सरकारी नौकरी केवल वेतन पाने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज और राज्य के विकास में योगदान देने की जिम्मेदारी भी है। उन्होंने नवनियुक्त शिक्षकों से खास तौर पर ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों में सेवा देने की अपील की।

सीएम ने कहा कि अक्सर शिकायत मिलती है कि कुछ शिक्षक सुदूर गांवों में जाने से कतराते हैं, जबकि असली जरूरत उन्हीं इलाकों में है।

मुख्यमंत्री ने दावा किया कि अब तक उनकी सरकार डेढ़ से दो लाख नियुक्तियां दे चुकी है, लेकिन अभी भी कई पदों पर बहाली की जरूरत है।

सोरेन ने अपने संबोधन के दौरान राज्य में कुपोषण की समस्या को भी बड़ी चुनौती बताया। उन्होंने कहा कि कुपोषण जैसी चुनौतियों को दूर करने में महिला पर्यवेक्षिकाओं तथा शिक्षकों की अहम भूमिका होगी।

उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य ऐसी पीढ़ी तैयार करना है जो स्वस्थ, शिक्षित और आत्मनिर्भर हो। इस अवसर पर सरकार की सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की प्रगति साझा करते हुए बताया गया कि वर्तमान में राज्य की लगभग 50 से 60 लाख महिलाओं को 'मंईयां सम्मान योजना' के तहत हर महीने सीधे उनके बैंक खातों में आर्थिक सहायता भेजी जा रही है।

समारोह में उपस्थित संसदीय कार्य मंत्री राधा कृष्ण किशोर और मंत्री संजय यादव ने भी नवनियुक्त कर्मियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि नियुक्ति पत्र मिलने के साथ ही समाज को एक नई दिशा देने की जिम्मेदारी अब युवाओं के कंधों पर है।

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