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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 2:40 · नई दिल्ली संस्करण

सूरजपुर में हाथी की मौत पर केंद्र सख्त, रिपोर्ट तलब

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
सूरजपुर में हाथी की मौत पर केंद्र सख्त, रिपोर्ट तलब

सूरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में खेत में मिले 15 वर्षीय हाथी की मौत का मामला अब केंद्र सरकार तक पहुंच गया है। वन्यजीव एक्टिविस्ट की शिकायत के बाद पर्यावरण मंत्रालय ने राज्य सरकार से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। घटना ने एक बार फिर सरगुजा संभाग में हाथियों की लगातार हो रही मौतों पर सवाल खड़े कर दिए हैं।सूरजपुर जिले के करंजवार गांव में 13 मार्च को एक खेत में 15 साल के हाथी का शव मिलने के मामले ने गंभीर रूप ले लिया है। इस घटना को लेकर केंद्र सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय (प्रोजेक्ट एलीफेंट डिवीजन) ने राज्य सरकार से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।मंत्रालय ने प्रमुख मुख्य वन संरक्षक को पत्र जारी कर जल्द से जल्द जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। यह कार्रवाई वन्यजीव एक्टिविस्ट अजय दुबे की शिकायत के बाद की गई है।जानकारी के अनुसार 13 मार्च को सुबह गांव से करीब 200 मीटर दूर एक खेत में हाथी का शव मिला था। प्रारंभिक जांच में हाथी की सूंड पर काले निशान पाए गए हैं, जिससे करंट लगने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि अब तक मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि नहीं हो सकी है। वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि घटनास्थल पर करंट से जुड़े स्पष्ट साक्ष्य नहीं मिले हैं। ऐसे में पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि हाथी की मौत किन परिस्थितियों में हुई।लगातार हो रही मौतें चिंता का विषयसरगुजा संभाग में पिछले सात वर्षों के आंकड़े चिंता बढ़ाने वाले हैं। इस दौरान कुल 63 हाथियों की मौत दर्ज की गई है, जिनमें से 40 हाथियों की मौत करंट लगने से हुई है। यह आंकड़ा वन्यजीव संरक्षण के प्रयासों पर सवाल खड़े करता है। वन विभाग ने बिजली विभाग के साथ मिलकर जंगल क्षेत्रों में बिजली लाइनों और खंभों की स्थिति सुधारने की पहल जरूर की है, लेकिन अब भी प्रभावी और स्थायी समाधान की कमी महसूस की जा रही है।पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामलेसूरजपुर जिले में पहले भी करंट से हाथियों की मौत के कई मामले सामने आ चुके हैं। वर्ष 2024 में धुरिया गांव के पास एक दंतैल हाथी को तस्करों ने करंट लगाकर मार दिया था। इस मामले में पुलिस और वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था।इसके अलावा वर्ष 2022 में दरहोरा गांव के पास एक मादा हाथी की भी करंट लगने से मौत हो चुकी है। फिलहाल, इस ताजा मामले में सभी की नजरें पोस्टमार्टम रिपोर्ट और केंद्र को भेजी जाने वाली जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिससे हाथी की मौत की असली वजह सामने आ सकेगी।

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