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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:33 · नई दिल्ली संस्करण

नक्सलवाद के खात्मे की तय समय सीमा के आठ दिन शेष, नक्सलियों के परिजन चिंतित

राष्ट्रीय सागर डेस्क1 मिनट का पठन
नक्सलवाद के खात्मे की तय समय सीमा के आठ दिन शेष, नक्सलियों के परिजन चिंतित

बीजापुर। जिले में नक्सलवाद के खात्मे की तय समय सीमा अब महज 8 दिन शेष रह गए हैं। बावजूद इसके बीजापुर जिले में लगभग 50 से अधिक नक्सलियों के सक्रिय होने की जानकारी सामने आ रही है। इनमें पापा राव और सोढ़ी केशा जैसे नक्सली कमांडर भी शामिल हैं।लगातार बढ़ते सुरक्षाबलाें के दबाव और मुठभेड़ों के खतरे को देखते हुए नक्सलियों के परिजन चिंता में हैं। उन्हें डर सता रहा है कि, कहीं उनके अपने सुरक्षाबलों की कार्रवाई में मारे न जाएं। यही वजह है कि, अब परिजन खुलकर आत्मसमर्पण और घर वापसी की अपील कर रहे हैं। इसी कड़ी में कमकानार गांव से एक भावुक मामला सामने आया है, जहां एक नक्सली कमांडर के परिवार ने उसे आत्मसमर्पण करने की गुहार लगाई है।ग्राम कमकानार निवासी नक्सली कमांडर सूर्यपाल बोड्डू के परिवार ने भावुक संदेश भेजा है। उसके दो भाइयों और भतीजे ने कहा कि अब जंगल में हालात पहले जैसे नहीं रहे और हथियारबंद संघर्ष का कोई औचित्य नहीं बचा है। उनका कहना है कि, जब बड़े-बड़े नक्सली कमांडर आत्मसमर्पण कर चुके हैं, तो सूर्यपाल को भी अब घर लौट आना चाहिए और परिवार के साथ सामान्य जीवन जीना चाहिए।परिजनों ने बताया कि सूर्यपाल वर्ष 2008 में नक्सली संगठन में शामिल हुआ था और तब से झारखंड, गरियाबंद और छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में सक्रिय रहा है। परिवार ने भावुक अपील करते हुए कहा कि अब समय बदल चुका है और जीवन की सबसे बड़ी प्राथमिकता सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य होना चाहिए।

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