दिल्ली गैंगस्टर नीरज बवाना को एक दिन की कस्टडी पैरोल, पत्नी से मिलने की दी गई इजाजत

दिल्ली गैंगस्टर नीरज बवाना को एक दिन
की कस्टडी पैरोल, पत्नी से मिलने की दी गई इजाजत
नई दिल्ली, 30 जून 2025 — दिल्ली
के कुख्यात गैंगस्टर नीरज
बवाना को
आज एक दिन की कस्टडी
पैरोल मिली
है। दिल्ली हाईकोर्ट ने उसे बीमार पत्नी से मुलाकात के लिए यह अनुमति दी है, जिसके
चलते पुलिस निगरानी में उसे अस्पताल ले जाया जाएगा।
बवाना ने अदालत से अपील करते हुए कहा था कि उसकी पत्नी गंभीर रूप से बीमार हैं और
अस्पताल में भर्ती हैं, ऐसे में एक पति के रूप में उसकी
उपस्थिति जरूरी है। इस मानवीय आधार को देखते हुए हाईकोर्ट ने
एक दिन की सीमित अवधि के लिए कस्टडी
पैरोल मंजूर की, हालांकि सुरक्षा कारणों से यह स्पष्ट
किया गया कि वह पूरी तरह पुलिस
कस्टडी में रहेगा और
किसी भी अन्य गतिविधि में शामिल नहीं हो सकेगा।
गौरतलब है कि जनवरी 2025 में
दिल्ली हाईकोर्ट ने नीरज बवाना की जमानत याचिका खारिज कर दी थी, जिसमें उसने पत्नी की देखभाल के आधार पर अंतरिम जमानत मांगी
थी। अदालत ने तब कहा था कि गंभीर आपराधिक मामलों में लिप्त होने के कारण उसे
नियमित या अंतरिम जमानत देना जनहित में नहीं है।
नीरज बवाना जेल वैन के अंदर दो कैदियों की हत्या के एक गंभीर मामले में न्यायिक हिरासत में है। उस पर दिल्ली और हरियाणा के कई
जिलों में हत्या,
रंगदारी, अपहरण और गैंगवार से जुड़े मामलों में भी मुकदमे चल रहे हैं। बवाना गैंग लंबे
समय से दिल्ली-एनसीआर में सक्रिय रहा है और कई बार राजधानी में गैंगवॉर की घटनाओं
से शहर को दहला चुका है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, कस्टडी
पैरोल के दौरान नीरज
बवाना की गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी, और
किसी भी बाहरी संपर्क या गैंग से बातचीत की अनुमति नहीं होगी। सुरक्षा के लिहाज से
विशेष कमांडो दस्ते को भी अस्पताल और उसके आसपास तैनात किया जाएगा।
अदालत का यह निर्णय जहां मानवीय दृष्टिकोण को दर्शाता है,
वहीं यह भी स्पष्ट करता है कि कानून व्यवस्था से कोई समझौता
नहीं किया जाएगा। नीरज बवाना जैसे गैंगस्टर को सीमित अधिकार देना भी सुरक्षा के
व्यापक इंतज़ामों के साथ ही संभव हो सका है।





