ओडिशा में ऐतिहासिक विकास कार्यों की चर्चा और चुनावी प्रक्रिया पर चिंता व्यक्त करते हुए बोले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे

ओडिशा में ऐतिहासिक विकास कार्यों की चर्चा और चुनावी प्रक्रिया पर चिंता व्यक्त करते हुए बोले कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे
भुवनेश्वर 11 जुलाई 2025, | एक सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने ओडिशा के स्वतंत्रता सेनानियों और सामाजिक नायकों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए राज्य के ऐतिहासिक योगदान और विकास कार्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने 'उत्कलमणि' गोपबंधु दास, बैरिस्टर मधुसूदन दास समेत कई महान विभूतियों को स्मरण किया और कहा कि ओडिशा की मिट्टी ने देश को अनेकों वीर और समाज सुधारक दिए हैं।
खड़गे ने कहा कि पिछली कांग्रेस सरकारों के दौरान ओडिशा में पारादीप पोर्ट, राउरकेला स्टील प्लांट, हीराकुंड डैम, एनएएलसीओ, एनटीपीसी, चिलिका नेवल अकादमी, मंचेश्वर में रेल कोच फैक्ट्री, कोरापुट में एचएएल और ऑर्डनेंस फैक्ट्री जैसे अनेक सार्वजनिक संस्थान स्थापित किए गए। इसके अलावा भुवनेश्वर में एम्स, NISER, इंस्टीट्यूट ऑफ फिजिक्स जैसे महत्वपूर्ण शैक्षणिक संस्थानों की भी स्थापना हुई। उन्होंने यह भी बताया कि कालाहांडी, बोलांगीर और कोरापुट जिलों के लिए विशेष KBK योजना कांग्रेस सरकार के समय शुरू की गई थी।
इसके साथ ही, उन्होंने वर्तमान शासन को लेकर कुछ सवाल भी उठाए। उनका कहना था कि आज देश में सार्वजनिक संपत्तियों का निजीकरण बढ़ रहा है, और प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध राज्य ओडिशा के आदिवासी अब भी गरीबी से जूझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि वर्ष 2000 के बाद से राज्य में कांग्रेस की सरकार नहीं बनी है और कई क्षेत्रों में विकास की रफ्तार धीमी रही है।
चुनावी प्रक्रिया से जुड़े हालिया मुद्दों पर बात करते हुए, खड़गे ने बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) अभियान के संदर्भ में चिंता व्यक्त की। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव से ठीक पहले गरीब और वंचित वर्गों के वोटर अधिकार प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का हवाला देते हुए कहा कि अदालत ने इस प्रक्रिया में हस्तक्षेप कर निर्वाचन आयोग को आधार कार्ड, वोटर आईडी और राशन कार्ड जैसे प्रामाणिक दस्तावेजों को पुनः मान्य करने की सिफारिश की है।





