मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:58 · नई दिल्ली संस्करण

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे बने एक बार फिर से राज्यसभा में विपक्ष के नेता

राष्ट्रीय सागर डेस्क3 मिनट का पठन
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे बने एक बार फिर से राज्यसभा में विपक्ष के नेता

नई दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे एक बार फिर से राज्यसभा में विपक्ष के नेता बन गए है। 25 जून 2026 को मल्लिकार्जुन खड़गे का राज्यसभा का कार्यकाल समाप्त हो गया था। इसके उपरांत वे तकनीकी रूप से राज्यसभा में विपक्ष के नेता के पद पर नहीं रह गए थे।

हालांकि सोमवार को जारी एक आधिकारिक संसदीय बुलेटिन में बताया गया कि खड़गे के राज्यसभा के लिए निर्वाचित होने के साथ ही उनको सदन में नेता विपक्ष के तौर पर मान्यता प्रदान की गई है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सोमवार को राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ ग्रहण की।

राज्यसभा सचिवालय द्वारा जारी संसदीय बुलेटिन के अनुसार, 25 जून 2026 को राज्यसभा सदस्य के रूप में उनका कार्यकाल समाप्त होने के साथ ही 26 जून 2026 से वे तकनीकी रूप से राज्यसभा में विपक्ष के नेता के पद पर नहीं रहे थे।

हालांकि वह राज्यसभा के लिए पुनर्निर्वाचित हुए और 26 जून 2026 से उनकी नई पारी शुरू हुई । इसके बाद राज्यसभा के सभापति ने उन्हें पुनः राज्यसभा में विपक्ष के नेता के रूप में मान्यता प्रदान की है।

बुलेटिन में कहा गया है कि विपक्ष के नेताओं के वेतन और भत्ते अधिनियम, 1977 की धारा 2 के प्रावधानों के तहत 26 जून 2026 से खड़गे को राज्यसभा में विपक्ष के नेता के रूप में मान्यता दी गई है। यह मान्यता उक्त अधिनियम के अंतर्गत सभी उद्देश्यों के लिए प्रभावी होगी। मल्लिकार्जुन खड़गे वर्तमान में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी हैं। राज्यसभा में पुनर्निर्वाचन और शपथ ग्रहण के साथ ही उन्होंने उच्च सदन में विपक्ष के नेता के रूप में अपनी जिम्मेदारियां औपचारिक रूप से फिर से संभाल ली हैं।

यह घटनाक्रम संसद के आगामी सत्र से पहले महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विपक्ष की ओर से विभिन्न राष्ट्रीय मुद्दों पर रणनीति बनाने, सरकार को घेरने और सदन में विपक्ष की आवाज को प्रभावी ढंग से रखने में खड़गे की प्रमुख भूमिका रहती है। राज्यसभा के महासचिव पी. सी. मोदी द्वारा जारी संसदीय बुलेटिन में स्पष्ट किया गया है कि 26 जून 2026 से मल्लिकार्जुन खड़गे को राज्यसभा में विपक्ष के नेता के रूप में पुनः मान्यता प्रदान कर दी गई है। वे कर्नाटक से पुनर्निर्वाचित होकर संसद के उच्च सदन में पहुंचे हैं। भारत के उपराष्ट्रपति एवं राज्यसभा के सभापति सीपी राधाकृष्णन ने उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।

खड़गे ने इसे अपने लिए गर्व और बड़ी जिम्मेदारी का विषय बताते हुए कहा कि वे नेता प्रतिपक्ष के रूप में उच्च सदन में जनता की आवाज बुलंद करने के अपने दायित्व का पूरी निष्ठा से निर्वहन करेंगे। उन्होंने कहा कि उन्होंने विभिन्न राजनीतिक दलों के फ्लोर लीडर्स और खासतौर पर विपक्षी 'इंडिया' ब्लॉक का धन्यवाद किया। उन्होंने विश्वास जताया कि आगामी मानसून सत्र में विपक्ष पहले से अधिक समन्वय के साथ कार्य करेगा।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें