नवादा में नीतीश कुमार ने परिवारवाद पर जमकर बोला हमला,कहा- लालू यादव बताएं परिवार और जाति के अलावा कितने लोगों को दिया टिकट

नवादा में नीतीश कुमार ने परिवारवाद पर जमकर बोला हमला,कहा-
लालू यादव बताएं परिवार और जाति के अलावा कितने लोगों को दिया टिकट
-आज तक मैंने किसी से एक रुपया तक नहीं लिया
नवादा।देश के अंदर लोकसभा चुनाव की गर्माहट बढ़ गई है। पहले चरण के चुनाव के मतदान में अब महज एक सप्ताह का समय बचा हुआ है। सूबे के अंदर पहले चरण का मतदान 19 अप्रैल को होना है और इस चरण में चार लोकसभा सीटों पर चुनाव होना है। जिसमें जमुई, गया, औरंगाबाद और नवादा का सीट भी शामिल है। ऐसे में आज सूबे के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार नवादा में भाजपा कैंडिडेट के पक्ष में वोट अपील करते दिखें। इस दौरान नीतीश कुमार ने लालू परिवार और परिवारवाद पर जमकर हमला बोला है। नीतीश कुमार ने कहा है कि - आज चुनाव का माहौल है तो आप ही देख लिजिए कितना लोगों को इस बार टिकट दे रहा है। एक ही परिवार को टिकट दे रहा है पहले पति -पत्नी उसके बाद बेटा- बेटी को टिकट दे रहा है। आप लोग बताइए कि हमने कभी अपने परिवार में से किसी को टिकट दिया है क्या? कोई जानता भी मेरे परिवार के बारे में। लेकिन, इन लोगों को जब भी मौका मिलाता है तो सिर्फ अपना परिवार को बढ़ता है। इस बार अपने परिवार को जात को छोड़कर दूसरे जात से कितना लोग को टिकट दिया है।वहीं, नीतीश कुमार ने लालू के ऊपर भ्रष्टाचार पर भी आरोप लगाते हुए कहा कि मैं भी केंद्र में मंत्री रहा और यहां भी मुख्यमंत्री रहा लेकिन,आप पूछ लीजिए किसी भी आदमी से आज तक एक पैसा भी मैं नहीं लिया। एक वह लोग हैं जो सिर्फ पैसे के पीछे भागते हैं और उल्टा -पुल्टा काम करते रहते हैं। इसी वजह से तो हम उसका साथ छोड़ देते हैं। अब जहां हैं वहां रहेंगे। इसके अलावा उन्होंने तेजस्वी के क्रेडिट पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि - पहले मां - बाप ने तो बिहार को लूट लिया। उसके बाद अब बेटा भी बोलते रहता है। हम तो यह कहना चाहते हैं कि अरे भाई! तुमने क्या किया वह तो हमने तुमको मौका दिया इसलिए तुम सत्ता में आए और उसके बाद अनाप -शनाप बोलने लगे तो हमने उसको हटा दिया और भाजपा के साथ आ गए। उधर, नीतीश जंगलराज की चर्चा करते हुए कहा कि यदि बिहार के अंदर एनडीए की सरकार नहीं बनती तो बिहार के लोग घर में सोए हुए रह जाते। यहां के लोगों को कोई काम तक नहीं मिल पाता। वह तो हम सरकार में आए उसके बाद लड़का -लड़की दोनों उच्च को शिक्षा में बराबर का हक़ मिला। पहले कोई साधन नहीं मिलाता था। हमारे आने से पहले पूरे बिहार में कहीं कुछ भी नहीं था हम आये तभी बिहार का विकास हो पाया है। हम जो काम किए हैं उसको लोग अधिक ध्यान नहीं देता है हम तो सबसे यही कहते रहते हैं कि आप दिखाइए नहीं काम से कम ट्वीट कर दिया कीजिए।





