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सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:42 · नई दिल्ली संस्करण

बिहार : दो पाकिस्तानी महिलाओं के वोटर आईडी मामले में चुनाव आयोग ने नाम हटाने की प्रक्रिया शुरू की

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
बिहार : दो पाकिस्तानी महिलाओं के वोटर आईडी मामले में चुनाव आयोग ने नाम हटाने की प्रक्रिया शुरू की

पटना। बिहार में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बीच दो पाकिस्तानी महिलाओं को लेकर खुलासा हुआ है। दोनों के पास आधार कार्ड के साथ-साथ मतदाता पहचान पत्र भी हैं। चुनाव आयोग ने मूल रूप से पाकिस्तान के पंजाब प्रांत की रहने वाली इन महिलाओं के नाम मतदाता सूची से हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सूत्रों ने शनिवार को यह जानकारी दी।

चुनाव आयोग ने बताया कि बिहार के भागलपुर में मिले पाकिस्तानी नागरिकों के मतदाता पहचान पत्र के संबंध में फॉर्म 7 दाखिल किया गया था और इसे हटाने की प्रक्रिया चल रही है।

भागलपुर के जिलाधिकारी नवल किशोर चौधरी ने इसकी पुष्टि की।

बिहार के भागलपुर में एसआईआर प्रक्रिया के बीच यह सामने आया कि दो पाकिस्तानी महिलाओं के वोटर आईडी बने हुए थे। यह महिलाएं भागलपुर के भीखनपुर इलाके में रहती हैं।

बताया जाता है कि यह दोनों महिलाएं सालों से चुनावों में वोट करती थीं, क्योंकि इनके वोटर कार्ड बने थे। इनके पास आधार कार्ड भी है। ये महिलाएं कई दशकों से भारत में रह रही थीं। शुरुआत में ये तीन महीने के वीजा पर भारत आई थीं। वीजा समाप्ति के बाद भी वे वापस नहीं लौंटीं। बाद में भागलपुर में ही उन्होंने शादी कर ली।

जिलाधिकारी ने बताया कि जब यह मामला संज्ञान में आया तो पूरा वेरिफिकेशन कराया गया था। इस प्रक्रिया के बाद मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए फॉर्म-7 भराया गया है।

उन्होंने कहा कि पूरे जिले में लगभग 24 लाख मतदाता हैं। एसआईआर प्रक्रिया में बीएलओ पूरी वेरिफिकेशन प्रक्रिया करते हैं। वे घर-घर जाते हैं और उस वेरिफिकेशन के बाद सूची चुनाव आयोग को सौंपी जाती है।

डीएम नवल किशोर चौधरी ने कहा कि हमने बीएलओ और बीएलए के साथ बैठक की। अलग-अलग राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ भी चर्चा की गई। अभी तक यह मामला संज्ञान में नहीं था।

उन्होंने कहा कि मामले में आगे सुसंगत कार्रवाई की जाएगी।

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