बीपीएससी शिक्षक भर्ती पेपर लीक मामले में आरोपियों की सिविल कोर्ट में हुई पेशी -रिमांड पर लेकर ईओयू करेगी पूछताछ, एमपी के उज्जैन से हुई थी गिरफ्तारी

पटना । बीपीएससी शिक्षक भर्ती पेपर लीक मामले में मध्य प्रदेश के उज्जैन से गिरफ्तार पांचों मुख्य आरोपियों को सिविल कोर्ट में पेश किया गया। यहां से ईओयू इन्हें रिमांड पर लेगी। इसके बाद पेपर लीक केस से जुड़े कई अहम पहलुओं पर पूछताछ होगी।दो दिन पहले बिहार पुलिस ने उज्जैन से एमपी पुलिस की सहयोग से पांचों को गिरफ्तार किया था। इनमें एक युवती भी शामिल है। सभी को उज्जैन से रविवार देर शाम पटना लाया गया था। इससे पहले 14 मार्च को पटना के करबिगहिया इलाके के होटल से गिरोह के एक सदस्य की गिरफ्तारी हुई थी।परीक्षा के दिन 15 मार्च की सुबह हजारीबाग में छापेमारी के दौरान पांचों मुख्य आरोपी भागने में कैसे सफल हुए थे। इनलोगों का मुख्य काम क्या है। क्या इससे पहले भी इस तरह की परीक्षाओं में धांधली कर चुके हैं। पूछताछ में इन बातों का खुलासा हो सकता है।बता दें, पेपर लीक की वजह से आयोग ने 15 मार्च की शिक्षक भर्ती परीक्षा को रद्द कर दिया था। जबकि, 5 अप्रैल को होनी वाली शिक्षक भर्ती परीक्षा (टीआरई-3) को भी स्थगित कर दिया गया था। नई तारीखों की घोषणा बाद में की जाएगी।बिहार में पेपर सॉल्वर गैंग के अब तक के सबसे बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है। आर्थिक अपराध ईकाई, बिहार पुलिस और झारखंड पुलिस के जॉइंट ऑपरेशन में सॉल्वर गैंग नेटवर्क के लगभग 300 अभ्यर्थियों और संगठित गिरोह को पकड़ा था। ये सभी कैंडिडेट बीपीएससी की ओर से आयोजित बिहार शिक्षक नियुक्ति परीक्षा (टीआरई-3) के एग्जाम में शामिल होने वाले थे।





