मुख्य सामग्री पर जाएँ
ब्रेकिंग
Rajasthan Panchayat Election 2026: पंचायत चुनाव का ऐलान, 4 चरणों में होगी वोटिंग, जानिए पूरा शेड्यूलमुंबई में CJP का प्रदर्शन पड़ा भारी! जेल भरो आंदोलन पर FIR, आयोजकों में हड़कंपज्ञानेश कुमार पर चले लोकतंत्र की हत्या का मुकदमा! प्रमोद तिवारी का बड़ा हमलाBJP का झंडा उतारने वाले संजयन त्रिपाठी अब साइकिल पर सवार, समाजवादी पार्टी में हुए शामिलCM Yogi का बड़ा तोहफा: 4.60 लाख छात्रों के खाते में आई छात्रवृत्ति, आपके खाते में आई क्या? चेक करेंNoida: सुपरनोवा की 43वीं मंजिल से युवक ने लगाई छलांग, मौके पर दर्दनाक मौत, सोसाइटी में हड़कंपमुंबई प्रदर्शन के बाद CJP का दिल्ली कूच का ऐलान, अभिजीत दिपके ने कही ये बड़ी बातगठबंधन में फूट! रायबरेली से डरते थे राहुल गांधी! सपा नेता का बड़ा खुलासा, अखिलेश ने दी थी धमकी

सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 · रात 3:39 · नई दिल्ली संस्करण

भारत-अमेरिका के बीच मजबूत व्यापार समझौता 'बहुत जल्द' हो सकता है: पीयूष गोयल

राष्ट्रीय सागर डेस्क2 मिनट का पठन
भारत-अमेरिका के बीच मजबूत व्यापार समझौता 'बहुत जल्द' हो सकता है: पीयूष गोयल

मुंबई। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शनिवार को कहा कि भारत को उम्मीद है कि अमेरिका के साथ एक मजबूत व्यापार समझौता 'बहुत जल्द' पूरा हो सकता है। यह बातचीत यूरोपीय संघ के साथ हाल ही में हुए समझौते के साथ-साथ चल रही है।

एनडीटीवी प्रॉफिट को दिए एक इंटरव्यू में पीयूष गोयल ने कहा कि भारत अमेरिकी अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में है और उसे भरोसा है कि दोनों देशों के बीच समझौता हो जाएगा। उन्होंने इस बात से इनकार किया कि यूरोपीय संघ के साथ हुआ मुक्त व्यापार समझौता (एफटीए) अमेरिका के साथ बातचीत में देरी करेगा।

पीयूष गोयल ने कहा, "हम अमेरिका के साथ बहुत अच्छी बातचीत कर रहे हैं।

" उन्होंने आगे कहा, "मुझे लगता है कि अमेरिका के साथ भी उतना ही मजबूत और उतना ही अच्छा समझौता हम जल्द कर लेंगे।"

रिपोर्ट के अनुसार, मंत्री ने कहा कि भारत कभी भी किसी तय समय सीमा को पूरा करने के लिए बातचीत नहीं करता। हर समझौता अपने तय समय पर ही आगे बढ़ता है। यूरोपीय संघ के साथ समझौता भी तभी पूरा हुआ जब दोनों पक्ष इसके लिए तैयार थे।

पीयूष गोयल ने आगे कहा, "आपने मुझे कई इंटरव्यू और सार्वजनिक बयानों में सुना होगा। हम कभी भी डेडलाइन के साथ बातचीत नहीं करते।

" उन्होंने बताया कि यूरोपीय संघ के साथ समझौता आखिरी समय के दबाव से नहीं, बल्कि लंबे समय की बातचीत के बाद हुआ।

गोयल ने कहा कि अमेरिका के साथ अलग-अलग स्तरों पर बातचीत चल रही है और जो मुद्दे बचे हैं, उन पर काम किया जा रहा है। अमेरिका के साथ व्यापार वार्ता पिछले साल फिर शुरू हुई थी, जो पहले टैरिफ विवादों के कारण रुक गई थी।

पश्चिमी मीडिया की रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की 'अमेरिका फर्स्ट' व्यापार नीति के तहत लगाए गए टैरिफ ने भारत-यूरोपीय संघ के बीच हाल में हुए ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते को गति देने में एक अहम भूमिका निभाई।

रिपोर्ट्स में कहा गया है कि अमेरिका द्वारा स्टील, एल्युमिनियम और अन्य भारतीय उत्पादों पर 25 से 50 प्रतिशत तक टैरिफ लगाने और पिछले साल भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता के टूटने से भारत ने दूसरे विकल्पों पर ध्यान देना शुरू किया।

इसी बीच, यूरोपीय देशों और अमेरिका के रिश्तों में भी तनाव देखा गया। रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने यहां तक धमकी दी थी कि अगर यूरोप ग्रीनलैंड बेचने से इनकार करता है तो वह उस पर भी टैरिफ लगा सकते हैं।

इस तरह भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को लेकर सरकार को भरोसा है कि आने वाले समय में दोनों देशों के बीच एक मजबूत डील हो सकती है।

यह ख़बर दूसरों तक पहुँचाएँ

WhatsAppFacebookX

संबंधित ख़बरें