नई दिल्ली। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने यूक्रेन के स्वतंत्रता दिवस के मौके पर वहां की सरकार और जनता को बधाई दी। इस दौरान उन्होंने वहां के विदेश मंत्री आंद्रेई सिबिहा से बात कर दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों और साझेदारी को मजबूत करने पर जोर दिया।
विदेश मंत्री आंद्रेई सिबिहा ने बताया कि इस मौके पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद युद्ध के परिणामों पर चर्चा करने के लिए बैठक करेगी।
सिबिहा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पोस्ट में लिखा, ''यूक्रेन के स्वतंत्रता दिवस के मौके पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद यूक्रेन के खिलाफ रूस की ओर से जारी युद्ध के असर पर चर्चा करने के लिए बैठक करेगी।
इस चर्चा का मुख्य विषय यूक्रेन के विभिन्न हिस्सों में आम लोगों पर रूस के लगातार बढ़ते मिसाइल और ड्रोन हमले होंगे। शुक्रवार को क्रिवी रीह के एक शॉपिंग मॉल पर हुए दोहरे हमले ने एक बार फिर इस स्थिति की भयावहता को दिखाया। इस हमले में 16 लोगों की मौत हो गई और 130 लोग घायल हुए, जिनमें 20 से ज्यादा बच्चे भी शामिल थे।
यह घटना रूस द्वारा परिवारों, बचावकर्मियों और आम नागरिकों के लिए जरूरी बुनियादी ढांचे को निशाना बनाए जाने की एक दर्दनाक याद दिलाती है।''
सिबिहा बताया कि हम यूक्रेन के बंदरगाहों पर रूस के लगातार हमलों और अनाज के निर्यात में डाली जा रही रुकावटों का मुद्दा भी उठाएंगे। इन कार्रवाइयों से वैश्विक खाद्य संकट और गहरा हो रहा है, और यूक्रेन की सीमाओं से बहुत दूर रहने वाले लाखों लोगों पर भी इसका असर पड़ रहा है।
विदेश मंत्री ने कहा कि मैं डेनमार्क की अध्यक्षता और अपने सहयोगी लार्स लोके रासमुसेन का धन्यवाद करता हूं कि उन्होंने इस जरूरी बहस का आयोजन किया। साथ ही, मैं संयुक्त राष्ट्र में यूक्रेन का समर्थन करने वाले सभी साझेदार देशों का भी आभारी हूं।
हमें उम्मीद है कि इस चर्चा में रूस की कार्रवाइयों की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए ठोस नतीजों पर केंद्रित बातचीत होगी।
उन्होंने कहा कि यूक्रेन इस बैठक में रूस के हमलों को रोकने, आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और अंतरराष्ट्रीय शांति और सुरक्षा को बनाए रखने के लिए निर्णायक कदम उठाने की मांग करेगा।





