राहुल गांधी के इंदौर दौरे से पहले जीतू पटवारी ने की सुमित्रा महाजन से मुलाकात
इंदौर। मध्य प्रदेश के इंदौर के भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से हुई मौतों के बाद पीड़ितों का हाल जानने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी आ रहे हैं। राहुल गांधी के दौरे से पहले कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी ने शुक्रवार को पूर्व लोकसभा स्पीकर और भाजपा की वरिष्ठ नेता सुमित्रा महाजन से मुलाकात की।
कांग्रेस की मध्य प्रदेश इकाई के अध्यक्ष जीतू पटवारी शुक्रवार को पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन के निवास पर पहुंचे, जहां दोनों नेताओं के बीच इंदौर में दूषित पानी से हुई मौतों को लेकर भी बातचीत की।
कांग्रेस नेता जीतू पटवारी ने भाजपा नेता से मुलाकात के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि सुमित्रा महाजन से बात होती रहती है। आज हमने इंदौर शहर की स्थिति पर चर्चा की। आज एनजीटी ने कहा कि मध्य प्रदेश में 70 प्रतिशत पानी दूषित है और पीने योग्य नहीं है, इस पर चर्चा हुई। मध्य प्रदेश और इंदौर के लोगों को साफ पानी मिले, इसके लिए राजनीति से ऊपर उठकर चर्चा होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि इंदौर में दूषित पानी पीने से अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है, हर रोज एक व्यक्ति की दूषित पानी से मौत हो रही है।
वहीं कई लोग अब भी अस्पताल में इलाज चल रहा है। इस स्थिति में वर्तमान में सरकार के मंत्री अपशब्द बोलते है और कहते है कि सवाल क्यों उठाए जा रहे है। कांग्रेस राजनीतिक दल होने के नाते अपनी सकारात्मक भूमिका निभा रहा है। शुद्ध पानी मिले इसकी हम लड़ाई लड़ेंगे। पानी का सोशल आडिट होना चाहिए।
आमजन को शुद्ध पानी मिले इसकी कांग्रेस लड़ाई लड़ेगी। गंदा पानी पीने से बीमारियां हो रही है, यह साइलेंट जहर है।
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के प्रवास को लेकर उन्होंने कहा कि प्रशासन ने उन्हें बुद्धिजीवी और समाज के विभिन्न वर्गों के जागरूक लोगों के साथ बैठक करने की अनुमति नहीं दी है। इसमें पार्षदों को भी बुलाया था। एक सार्थक पहल कर रहे थे। राहुल गांधी पीड़ितों से मिलेंगे, अस्पताल भी जाएंगे। राहुल गांधी 17 जनवरी को सुबह सवा 11 बजे इंदौर पहुंचेंगे और दोपहर दो बजे तक रहेंगे।
इस दौरान उनका भागीरथपुरा के पीड़ितों से मुलाकात, मृतकों के परिजनों से चर्चा और अस्पताल में पीड़ितों से भी मुलाकात प्रस्तावित है।
दरअसल, बीते दिनों भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से कई लोगों की मौत हो चुकी है, वहीं कई लोग अब भी उपचाररत हैं। कांग्रेस का आरोप है कि जल आपूर्ति के लिए हुए काम में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ और राज्य के बड़े हिस्से में भी लोगों को शुद्ध जल नहीं मिल पा रहा है। दूसरी ओर राज्य सरकार ने दूषित पानी की आपूर्ति के मामले में कार्रवाई भी की। जिसमें कई अफसरों को निलंबित किया गया है, तो वहीं तबादले भी हुए है। फिलहाल मामले की जांच भी जारी है।











