कोलकाता। गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर नरेन्द्रपुर थाना क्षेत्र के नाजिराबाद इलाके में स्थित एक गोदाम में लगी भीषण आग पर 24 घंटे बाद भी पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका है। दमकल विभाग के अनुसार, घटनास्थल पर अब भी कई स्थानों पर पॉकिट फायर बनी हुई है। मंगलवार सुबह भी मलबे से धुआं उठता देखा गया।
इस अग्निकांड को लेकर पुलिस ने स्वतः संज्ञान (सुओ मोटो) लेते हुए मामला दर्ज किया है। मृतकों और लापता लोगों की संख्या बढ़ने की आशंका से इलाके में चिंता का माहौल है। जले हुए गोदाम और ऑनलाइन डिलीवरी से जुड़े एक प्रतिष्ठान से कुछ जले हुए मानव अंग बरामद किए गए हैं। आशंका जताई जा रही है कि ढांचे के नीचे अभी भी कुछ लोग दबे हो सकते हैं। आग में झुलसकर जान गंवाने वालों के शवों का पोस्टमार्टम आज मंगलवार को किया जाएगा। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, अब तक मृतकों की संख्या सात बताई गई है।
कई परिजनों का आरोप है कि अपने स्वजनों की तलाश में पुलिस से संपर्क करने के बावजूद उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिल पा रहा है। जानकारी के अनुसार, केवल पूर्व मेदिनीपुर जिले के ही कम से कम 13 निवासी लापता हैं। प्रियजनों की तलाश में परिजन रातभर घटनास्थल पर डटे रहे। किसी का भाई संपर्क से बाहर है तो कोई अपने पति की खोज में भटक रहा है। परिजनों का दावा है कि रविवार शाम के बाद से लापता लोगों से कोई संपर्क नहीं हो सका।
नरेन्द्रपुर थाने में अब तक आठ लोगों के नाम पर मिसिंग डायरी दर्ज की गई है। पुलिस को आशंका है कि लापता लोगों की संख्या और बढ़ सकती है। वहीं, भाजपा विधायक अशोक दिन्दा ने दावा किया है कि यह संख्या 30 से भी अधिक हो सकती है।
सोमवार रात घटनास्थल पर सोनारपुर की बीडीओ शिंजिनी सेनगुप्ता, बारुईपुर के एसडीओ चित्रदीप सेन और मोयना के विधायक अशोक दिन्दा पहुंचे। उनके क्षेत्र के कई निवासियों को लेकर देर रात नरेन्द्रपुर थाने में मिसिंग डायरी दर्ज कराई गई।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, संबंधित परिसर में थर्माकोल फैक्ट्री थी, जहां विभिन्न डेकोरेटर्स कंपनियों का काम चलता था। थर्माकोल से सजावटी ढांचे, कार्यक्रमों के गेट और अन्य निर्माण कार्य किए जाते थे। घटना के समय फैक्ट्री के भीतर बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद थे, जिनमें से कई आग से बचकर बाहर नहीं निकल सके। इसी कारण मलबे के नीचे और शव दबे होने की आशंका जताई जा रही है।
इलाके में स्वजन खोने का मातम, लापता लोगों को लेकर गहरी चिंता और जली हुई सामग्री की गंध से वातावरण भारी बना हुआ है।
24 घंटे बाद भी धधक रहा पॉकिट फायर, आनंदपुर अग्निकांड में पुलिस ने दर्ज किया मामला












