कोलकाता। भाजपा नेता दिलीप घोष ने शनिवार दोपहर अपने सोशल मीडिया हैंडल पर राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था और अस्पतालों में सुरक्षा को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि आरजी कर निर्भया कांड के बाद अस्पतालों में कार्यरत डॉक्टरों और नर्सों की सुरक्षा को लेकर हाईकोर्ट द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का आज तक पालन नहीं हुआ है।
दिलीप घोष ने अपने पोस्ट में लिखा कि हाईकोर्ट ने अस्पतालों में सीसीटीवी कैमरे लगाने, पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था करने और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के स्पष्ट निर्देश दिए थे, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि इनमें से कुछ भी प्रभावी रूप से लागू नहीं किया गया।
उन्होंने आरोप लगाया कि यदि हाईकोर्ट की इन गाइडलाइनों को सही तरीके से लागू किया जाए, तो राज्य के विभिन्न सरकारी अस्पतालों में तृणमूल कांग्रेस से जुड़े कथित दलाल चक्र द्वारा बेड की अवैध बिक्री से होने वाली कमाई बंद हो जाएगी। इसी कारण राज्य सरकार इन निर्देशों को लागू करने से कतरा रही है।
भाजपा नेता ने सवाल उठाया कि वोट से पहले क्या मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इस दिशा में कोई ठोस कदम उठाएंगी? उन्होंने यह भी कहा कि पिछले 15 वर्षों से मुख्यमंत्री स्वयं स्वास्थ्य मंत्री होने के बावजूद राज्य में सुरक्षित, पारदर्शी और जवाबदेह स्वास्थ्य व्यवस्था खड़ी करने में विफल रही हैं।
अस्पताल को लेकर हाईकोर्ट के निर्देशों पर दिलीप घोष ने तृणमूल सरकार को घेरा












