पनकी थाना क्षेत्र रतनपुर इलाके में रहने वाले रोहित सिंह उर्फ दीपक सिंह गौर (23) ने बुधवार को आत्महत्या करने से पहले एक वीडियो बनाया। 57 सेकंड के वीडियो में उसने कहा कि "मैं दीपक सिंह गौर मेरा धर्म परिवर्तन कराया जा रहा है लेकिन मैं धर्म के रास्ते पर ही रहूंगा। भारत मे गांजा बंद हो और नारी का सम्मान हो। मुझे माफ़ करना मैं फांसी लगाने जा रहा हूं।"
मृतक रोहित सिंह उर्फ दीपक सिंह के घर के पास ही उसकी पंचर और किराने की दुकान है। पिता करन सिंह की करीब छह साल पहले बीमारी के चलते मौत हो चुकी है। मां उमा देवी और बड़े भाई मोहित ने बताया कि रोहित पिछले तीन चार दिनों से मानसिक तनाव से गुजर रहा था। वह अक्सर कहता था कि उसे भूत दिखाई दे रहा है। इसी के चलते बुधवार दोपहर जब वह घर पर अकेला था तो उसने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
बहन निशा ने आरोप लगाते हुए कहा कि बीती 26 जनवरी को रोहित उर्फ दीपक किसी रिश्तेदार से मिलने लखनऊ गया था। अगले दिन घर वापस आने पर उसने बताया कि ट्रेन में तीन से चार लोग उसके साथ जबरन मारपीट करते हुए धर्म परिवर्तन का दबाव बना रहे थे। यही नहीं वह लोग उसे एक मजार पर भी ले गए थे। मामले में घटना की जानकारी पुलिस को भी दी गई लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। धरना प्रदर्शन पर पहुंची पुलिस ने हंगामा कर रहे परिजनों को समझा बुझाकर मृतक के शव को अंतिम संस्कार कराने के लिए मनाते हुए ट्रैफिक जाम को खुलवाया।
पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने कहा कि मामला बेहद संवेदनशील है। आरोपों के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। इसके अलावा पुलिस की टीमों का गठन किया गया है। जो कानपुर से लेकर चारबाग तक मामले की जांच करेगी।
कानपुर में सड़क पर शव रख कर परिजनों का हंगामा, धर्म परिवर्तन और पुलिस लापरवाही का लगाया आरोप
कानपुर। उत्तर प्रदेश के जनपद कानपुर के पनकी थाना क्षेत्र में रहने वाले परिजनों ने शुक्रवार को युवक रोहित सिंह उर्फ दीपक सिंह गौर के शव काे सड़क पर रखकर धर्म परिवर्तन और पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाकर हंगामा काटा। युवक रोहित ने बुधवार को फांसी लगाकर जान दी थी और गुरुवार को पोस्टमार्टम के बाद शव लेकर परिजन घर पहुंचे । आज धरना प्रदर्शन करने पहुंचे। पुलिस के समझाने पर अंतिम संस्कार के लिए परिजन राजी हुए।












