जनकपुरी हादसा: मृतक के परिवार ने प्रशासन को ठहराया जिम्मेदार
नई दिल्ली। पश्चिमी दिल्ली के जनकपुरी की घटना पर पीड़ित परिवार का बयान सामने आया है। परिवार ने 25 साल के बाइक सवार कमल ध्यानी की मौत के लिए प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया है।
समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में मृतक कमल के भाई करन ने कहा, "मैं इसके लिए प्रशासन को जिम्मेदार मानता हूं। वहां कोई होर्डिंग नहीं लगा था। सुबह मुझे पता चला कि मेरे भाई की लाश मिली है। पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि वे परिवार का समर्थन करेंगे।"
पश्चिमी दिल्ली के जनकपुरी इलाके में रोहिणी में अपनी नौकरी से देर रात घर लौटते समय गड्ढे में गिरने से 25 साल के कमल ध्यानी की मौत हुई है। शुक्रवार सुबह गड्ढे में उसका शव और बाइक मिले।
इस घटना पर दिल्ली सरकार में मंत्री आशीष सूद ने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि जनकपुरी में वर्तमान में चल रहे काम से काफी एरिया प्रभावित है। अक्सर मैंने वहां का दौरा किया है और लगातार सुरक्षा उपायों को देखा है। उन्होंने कहा कि हमने इस घटना में जांच के आदेश दिए हैं। हम परिवार के साथ हैं।
आशीष सूद ने सुबह घटनास्थल का भी दौरा किया। मंत्री प्रवेश वर्मा भी अधिकारियों के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने जानकारी दी कि दिल्ली जल बोर्ड के तीनों अधिकारियों, जूनियर इंजीनियर, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर और असिस्टेंट इंजीनियर को सस्पेंड किया गया है।
प्रवेश वर्मा ने कहा कि सड़क पर 3 महीने से काम चल रहा था।
दोनों तरफ 100-100 मीटर की दूरी पर बैरिकेड लगाए गए थे। रात में ही यहां एक बड़ा गड्ढा खोदा गया था। इस लेन में कोई ट्रैफिक नहीं था। गुरुवार को यहां जो घटना हुई, वह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने घोषणा की कि पीड़ित परिवार को मुआवजा दिया जाएगा और आगे ऐसी घटना न हो उसके लिए और कड़े कदम उठाए जाएंगे। प्रवेश वर्मा ने यह भी बताया कि दिल्ली जल बोर्ड ने जांच के आदेश दिए हैं। एक कमेटी बनाई गई है। इसकी रिपोर्ट 24 घंटे के अंदर जमा की जाएगी।












