रामचंद्रपुर थाना क्षेत्र के ग्राम कालिकापुर निवासी देवशरण यादव 65 वर्ष गुरुवार को मवेशी चराने जंगल गए थे। देर शाम तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने खोजबीन शुरू की। रात करीब आठ बजे गांव से लगभग दो किलोमीटर दूर जंगल में उनका गर्दन कटा शव मिला। इस हृदय विदारक घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया था और शनिवार को पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम के बाद आक्रोशित परिजन और उनके साथ करीब 300 से 400 ग्रामीण शव को लेकर रामचंद्रपुर के कालिकापुर अटल चौक पहुंचे और सड़क पर रखकर धरने पर बैठ गए। प्रदर्शन के कारण रामानुजगंज सनावल मुख्य मार्ग पूरी तरह जाम हो गया, जिससे आवागमन प्रभावित रहा।
परिजनों का कहना है कि, घटना को तीन दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक किसी भी आरोपित की गिरफ्तारी नहीं हुई है। इससे परिजन ही नहीं बल्कि पूरे क्षेत्र में भारी आक्रोश व्याप्त है। लोगों ने जल्द से जल्द हत्यारों की गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग की।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया। रामानुजगंज एसडीओपी बाजीलाल सिंह, बलरामपुर एसडीओपी याकूब मेनन, रामचंद्रपुर थाना प्रभारी मनोज नौरंगे, त्रिकुंडा थाना प्रभारी व्यास नारायण चुरेंद्र, रामानुजगंज थाना प्रभारी अजय साहू, विजयनगर चौकी प्रभारी अश्विनी सिंह सहित पुलिस मौके पर मौजूद रही और स्थिति को संभालने में जुटी रही।
रामचंद्रपुर थाना प्रभारी मनोज नौरंगे ने बताया कि, मामले में जांच लगातार जारी है। संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है और जल्द ही आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है।
उल्लेखनीय है कि, इस जघन्य हत्या और उसके बाद उपजे जनाक्रोश ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। अब सभी की निगाहें पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हैं कि कब इस सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा होता है।
बलरामपुर : जघन्य हत्या के बाद उबाल, बुजुर्ग की नृशंस हत्या पर सड़क पर उतरे सैकड़ों लोग, मुख्य मार्ग जाम
बलरामपुर। बलरामपुर रामानुजगंज जिले में 65 वर्षीय बुजुर्ग की नृशंस हत्या के बाद मामला अब कानून व्यवस्था की बड़ी चुनौती बन गया है। तीन दिन बीत जाने के बावजूद आरोपितों की गिरफ्तारी नहीं होने से परिजन और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद शव को सड़क पर रखकर सैकड़ों लोगों ने धरना दिया, जिससे रामानुजगंज सनावल मुख्य मार्ग घंटों बाधित रहा।












