मिली जानकारी के अनुसार जवानों को कई घंटे तक इन्हीं ऊंचे स्थानों पर रहकर पानी कम होने का इंतजार करना पड़ा।
घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें चारों ओर बाढ़ का पानी और उसके बीच पेड़ व टीन की छत पर सुरक्षित बैठे जवान दिखाई दे रहे हैं। नक्सलवाद की चुनौती कम होने के बावजूद यहां की भौगोलिक परिस्थितियां, दुर्गम जंगल, उफनती नदियां और अचानक आने वाली प्राकृतिक आपदाएं आज भी जवानों के सामने बड़ी चुनौती बनी हुई हैं। यह दृश्य साफ बताता है कि अबूझमाड़ में तैनात सुरक्षाबल केवल सुरक्षा चुनौतियों का ही नहीं, बल्कि यह प्राकृतिक आपदाओं का भी डटकर सामना करते हैं।





