BREAKING NEWS

अगर आपका भी खाता है इस बैंक में तो हो जाइए सावधान, अमेरिका में जांच शुरू, शेयर गिरे

अगर आपका भी खाता है इस बैंक में तो हो जाइए सावधान, अमेरिका में जांच शुरू, शेयर गिरे
भारत के प्रमुख निजी क्षेत्र के बैंक एचडीएफसी बैंक के खिलाफ अमेरिका में शेयरधारकों के हितों से जुड़े संभावित उल्लंघन की जांच शुरू हो गई है। जुलाई 2026 में अमेरिका की तीन अलग-अलग कानून फर्मों ने जांच शुरू कर दी है। जांच महाराष्ट्र स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन से जुड़े करीब 45 करोड़ के भुगतान के आरोप की जांच कर रही है। इस राशि को मार्केटिंग खर्च के रूप में दिखाया गया, जो बैंकिंग नियमों का उल्लंघन है। एचडीएफसी का कारोबार सारी दुनिया में फैला हुआ है भारत का सबसे बड़ा निजी क्षेत्र का बैंक है।

 
अमेरिकी कानून के अंतर्गत जांच इस बात पर केंद्रित है। क्या एचडीएफसी बैंक ने अमेरिकी प्रतिभूति कानूनों के तहत निवेशकों को जानकारी समय पर उपलब्ध कराई थी। बैंक के आंतरिक लेन देन की जानकारी अमेरिकी निवेशकों को दी गई थी। यह मामला इसलिए महत्वपूर्ण है। एचडीएफसी बैंक के अमेरिकी शेयर बाजार में ADR एडीआर (अमेरिकन डिपाजिटरी रिसीप्ट ) मे सूचीबद्ध हैं। अमेरिकी बाजार में सूचीबद्धता के कारण बैंक को वहां के प्रतिभूति कानूनों के अनुसार समस्त जानकारी देना और नियमों का पालन करना पड़ता है।


इस विवाद के बीच एचडीएफसी बैंक के शेयर मे भी गिरावट शुरू हो गई है। 27 अगस्त 2026 को जारी एजेंसी के समाचार के अनुसार बैंक के शेयर ढाई साल के निचले स्तर पर पहुंच गए थे। रही सही कसर बैंक के सीईओ शशिधर जगदीशन ने अचानक पद छोड़ने का ऐलान कर दिया है। बैंक के नए अध्यक्ष राजीव कुमार के साथ बैंक के अधिकारियों का तालमेल नहीं बैठ रहा है। जिसके कारण बैंक में आंतरिक विवाद शुरू हो गए हैं। राजीव कुमार चाहते हैं, बैंक अपने कारोबार को तेजी के साथ बढ़ाए, उसके लिए वह ऐसे रास्ते अपना रहे हैं। उन निर्णयों से वरिष्ठ अधिकारी सहमत नहीं है। 

जिसके कारण बैंक के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उनके मतभेद शुरू हो गए हैं। केंद्रीय चुनाव आयोग के आयुक्त के रूप में राजीव कुमार की कार्य प्रणाली जग जाहिर है। ऐसी स्थिति में बैंक के वरिष्ठ अधिकारी कोई जोखिम नहीं लेना चाहते हैं। जिसके कारण बैंक की मुश्किलें आने वाले समय में और भी बढ़ सकती हैं। राजीव कुमार के अध्यक्ष बनने के बाद से बैंक की मुश्किलें कम होने के स्थान पर बढ़ रही हैं। अमेरिका में जांच शुरू हो जाने के बाद तथा शेयर के रेट गिरने से निवेशकों में भी बैंक को लेकर अविश्वास बढ़ रहा है। 

Subscribe Now